श्रावस्ती. जिले में अधिसूचना लगने के बाद से ही चुनाव आयोग की सख्ती जिले में दिखाई देने लगी है। जमुनहा, भिनगा इकौना सहित पूरे जिले में नेताओं के होर्डिंग, बैनर व पोस्टर को प्रशासन द्वारा हटवाए जा रहे हैं। यही नही जहां पोस्टर को हटाया नहीं जा सकता वहां पोस्टर पर कालिख पोत दी गई है। ताकि कोई भी व्यक्ति उसे देख न सके। जिले के हर इलाके से नेताओं के पोस्टर बैनर हटाने की प्रक्रिया जोरों से चल रही है।
चुनाव की अधिसूचना लागू होने के बाद से ही चुनाव आयोग की सख्ती प्रशासन में दिखने लगी है। अधिसूचना लागू होने के बाद से ही भिनगा, जमुनहा सहित जिले के अन्य क्षेत्रों में भी लगे नेताओं के पोस्टर व बैनर हटाए जा रहे हैं। जिसकी झलक लोगों को देखने को मिल रही है। भिनगा नगर में नगर पालिका कर्मियों द्वारा रविवार शाम से ही पोलों पर लगे पोस्टरों को फाड़कर हटाया जा रहा है। इसके साथ ही दीवालों पर लगे पोस्टर को भी फाड़ दिया गया है। जहां जहां वाल पेंटिंग थी वहां पर कालिख पोत दी गई है। ताकि वह दिखाई न दे। वहीं जमुनहा, इकौना, सिरसिया सहित जिले के अन्य क्षेत्रों में भी पुलिस द्वारा माननीयों के लगे होर्डिग, पोस्टर, बैनर भी हटा दिए गए हैं। और कुछ जगहों पर अब भी हटाये जा रहे हैं। अधिसूचना लगते ही पुलिस विभाग में भी चुनाव आयोग की सख्ती साफ देखने को मिली। जहां सभी थाना क्षेत्रों के प्रभारियों द्वारा उनके क्षेत्रों में लगे होर्डिंग, पोस्टर बैनर कल शाम से ही हटाये जा रहे हैं। जिसका निरीक्षण डीएम और एसपी ने मौके पर जाकर किया। और आचार संहिता का पाठ भी पढ़ाया।
वहीं इस संबंध में जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि जिले के तीनों एसडीएम को आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन करने का निर्देश दिया गया है। अगर कहीं भी आचार संहिता के पालन में ढिलाई बरती गई तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।