ग्राम अछोली स्थित अपनी नर्सरी में गोविंदा हर रविवार एक से दो घंटे की कृषि पाठशाला लगाते हैं। यहां 20 किसानों के लिए सीटें तय रहती हैं। प्रशिक्षण में मिट्टी परीक्षण, पौध तैयार करना, सिंचाई प्रबंधन, उर्वरक और दवा का वैज्ञानिक उपयोग, रोग नियंत्रण और फसल कटाई तक की पूरी प्रक्रिया व्यावहारिक रूप से समझाई जाती है।