
बालोद . विडंबना देखिए मंत्री जी कि आपके प्रभार वाले जिले के जिला मुख्यालय स्थित जीवनदायनी तांदुला नदी का हाल। जिम्मेदारों ने इसका दोहन कर इसकी दुर्दशा तो कर दी, पर अब प्यास बुझाने वाली नदी को दुरूस्त करने, उसकी सफाई के लिए कोई भी अपनी जिम्मेदारी नहीं लेना चाहता। इसके लिए कोई भी आगे नहीं आ रहा है। ऐसे में यह नदी अपना अस्तित्व ही खोने जा रही है। जिले के प्रभारी व जल संसाधन विभाग के मंत्री बृजमोहन अग्रवाल बुधवार को जिले के प्रवास पर रहेंगे, पर जिला मुख्यालय की तांदुला नदी जल संसाधन व प्रभारी मंत्री से उम्मीद लगा रही है कि मंत्री जी ही मेरी सफाई की ओर कुछ पहल करेंगे।
सब थोप रहे हैं एक-दूसरे पर जिम्मेदारी
बात दें कि जिला मुख्यालय की तांदुला नदी कुछ वर्षों में दुर्दशा की ओर चली गई है। जलकुंभी व गंदगी से वह अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही है। जबकि इसी नदी के पानी से पूरे नगर की प्यास बुझती है। पर गंदगी से अटी तांदुला नदी की सफाई की ओर न शासन का ध्यान है और न ही प्रशासन का। मामले में जो भी विभाग है वे अपनी जिम्मेदारी को दूसरों पर थोपते नजर आ रहे हैं।
पानी से कमाए लाखों रुपए, पर सफाई में फूटी कौड़ी नहीं लगाई
आश्चर्य की बात ये है कि विभाग को पानी से जब राशि मिल रही है तो तांदुला नदी की सफाई से जिम्मेदार क्यों भाग रहे हैं। विभाग हर बार यह कहता है कि नदी की सफाई अपनी जिम्मेदारी नहीं है। ये काम नगर पालिका का है। सिंचाई विभाग कहता है कि तांदुला नदी की सफाई के लिए फंड ही नहीं है।
इन वार्डों से जाता है गंदा पानी
तांदुला नदी में जिला अस्पताल, कुंदरूपारा, बस स्टैंड, आमापारा, गंजपारा आदि मोहल्ले सा गंदा पानी इस नदी में छोड़ा जाता है, पर इन्हें रोकने अब तक पहल नहीं की जा सकी है।
करेंगे पालिका से चर्चा
शहीद गैंदसिंह वार्ड-16 के पार्षद कमल निषाद ने कहा तांदुला नदी की सफाई बहुत जरुरी है। तंदुला नदी की सफाई के लिए जल्द ही नगर पालिका में बैठक रखी जाएगी और फिर नदी की सफाई की जाएगी। गंदे पानी को रोकने जल्द ही नई नाली निर्माण के लिए पालिका में चर्चा करेंगे। शीतला वार्ड-15 के पार्षद मनोज ठाकुर ने कहा नदी गंदी हो गई है। गंदगी की सफाई करने हम सबको मिलकर पहल करनी होगी। गंदे पानी को नदी में जाने से रोकने नई नाली निर्माण पर नगर पालिका परिषद में चर्चा करेंगे।
Published on:
28 Mar 2018 12:51 am

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