पाटेश्वरधाम विवाद को लेकर बुधवार को सर्व आदिवासी समाज व छत्तीसगढिय़ा क्रांति सेना ने जिला बंद रखा, जिसका मिला-जुला असर रहा। बालोद, गुरुर, डौंडी व डौंडीलोहारा ब्लॉक में बंद शांतिपूर्ण रहा। बालोद में पुलिस बल तैनात रहा। लेकिन गुंडरदेही में खुली दुकानों को बंद कराने को लेकर हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया और 5 लोग घायल हो गए।
बालोद. पाटेश्वरधाम विवाद को लेकर बुधवार को सर्व आदिवासी समाज व छत्तीसगढिय़ा क्रांति सेना ने जिला बंद रखा, जिसका मिला-जुला असर रहा। बालोद, गुरुर, डौंडी व डौंडीलोहारा ब्लॉक में बंद शांतिपूर्ण रहा। बालोद में पुलिस बल तैनात रहा। लेकिन गुंडरदेही में खुली दुकानों को बंद कराने को लेकर हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया और 5 लोग घायल हो गए। उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गुंडरदेही में भर्ती कराया गया है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए एसपी गोवर्धन ठाकुर, एएसपी प्रज्ञा मेश्राम, एसडीओपी प्रतीक चतुर्वेदी, एसडीएम गंगाधर वाहिले, तहसीलदार परमेश्वर मंडावी, थाना प्रभारी नवीन बोरकर आदि गतिविधियों पर नजर रही। सर्व आदिवासी समाज के सदस्य व पूर्व सांसद सोहन पोटाई, छत्तीसगढिय़ा क्रांति सेना के प्रदेश अध्यक्ष अमित बघेल, सामाजिक कार्यकर्ता नंद कुमार बघेल, छत्तीसगढ़ सर्वआदिवासी समाज के अध्यक्ष यूआर गंगराले शामिल हुए। सभी ने मामले की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग की।
गुंडरदेही के चार घायलों को रेफर किया
गुंडरदेही . दुकान बंद कराने निकले संगठन के कार्यकर्ताओं और व्यापारियों के बीच मारपीट हो गई। इसमें 5 लोग घायल हो गए। चार लोगों को रेफर शंकराचार्य अस्पताल दुर्ग-भिलाई में रेफर किया गया है। घटना के बाद गुंडरदेही व्यापारी संघ ने थोड़ी देर के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा के सामने चक्काजाम किया। पुलिस प्रशासन ने व्यापारियों को समझाया, तब मामला शांत हुआ। व्यापारी रजा गोलू फैज बक्स के सिर में 16 टांका लगा है। अन्य घायल व्यापारी नवीन जैन, प्रशांत जैन हैं। व्यापारी संघ के अध्यक्ष दर्शन जैन ने मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग की। 48 घंटे बाद गुंडरदेही व्यापारी संघ दुकान बंद रख कर धरना प्रदर्शन और चक्काजाम करेगा। सर्व आदिवासी समाज के अध्यक्ष थानसिंह मंडावी और ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संजय साहू ने निंदा की। एसडीओपी राजेश बागड़े ने कहा कि मारपीट की जांच के बाद उचित कार्रवाई करेंगे। गुंडरदेही एसडीएम प्रेमलता चंदेल ने भी कहा कि जांच कर रहे हैं। पूर्व विधायक वीरेंद्र कुमार साहू व भेष कुमार ठाकुर ने भी कार्रवाई की मांग की।
डौंडी पूरी तरह बंद रहा
डौंडी. नगर की सभी दुकानें समेत छोटे ठेले व खोमचे तक बंद रहे। पेट्रोल पंप एवं मेडिकल स्टोर छोड़कर छोटे ठेले, खोमचे तक बंद रहे। ग्रामीण इलाकों में भी संपूर्ण बंद रहा। महाबंद के दौरान सर्व आदिवासी समाज के संरक्षक एवं पूर्व मंत्री अरविंद नेताम, आदिवासी समाज के प्रदेश अध्यक्ष सोहन पोटाई और राजा राव पठार के अध्यक्ष मानक दरपट्टी के साथ महिला-पुरुष आदिवासी उपस्थित थे।
गुरुर में आंशिक बंद रहा
गुरुर . नगर में बंद का आंशिक असर रहा। सभा स्थल में सामाजिक कार्यकर्ता नंदकुमार बघेल भी पहुंचे। 11 बजे के बाद आंदोलनकारी रैली में निकले, तब दुकानदारों ने दुकानें बंद की। सभा लगभग तीन बजे तक चली। इसके बाद दुकानदार अपनी दुकानें खोलने लगे। आंदोलन में सर्व आदिवासी समाज गुरुर अध्यक्ष प्रीतम नागवंशी, कोषाध्यक्ष सर्व आदिवासी समाज उमेश गंगराले, उपाध्यक्ष संतोष सिहारे, मीडिया प्रभारी बालोद रिकेश कुमार भंडारी, राजा राव पठार उपाध्यक्ष बलराम गोटी, अध्यक्ष लीलार नागवंशी, अरमारीकला उपाध्यक्ष डोमेंद कुमार गंगराले, नागेश सलाम, संतोषी ठाकुर, झम्मन हिरवानी, बलराम कोर्राम, लक्ष्मी कोरकोटा, कमलेश्वरी गंगराले, महेश्वरी भुआर्य, मीना नेताम, जोत कुंवर, प्रकाश साहू, अध्यक्ष जनमुक्ति मोर्चा महेश रावटे, कमल नारायण धु्रव आदि उपस्थित थे।
राजहरा में बनी थी विवाद की स्थिति
दल्लीराजहरा . मामले को लेकर राजहरा का व्यापार बंद रहा। एक श्रमिक संगठन ने दुकान बंद नहीं करने पर बहिष्कार की चेतावनी दे दी। छत्तीसगढिय़ा क्रांति सेना के पदाधिकारियों के साथ थाने में बैठक हुई। जिसमें पुलिस अधीक्षक गोवर्धन ठाकुर, एसडीएम मनोज मरकाम, सीएसपी मनोज तिर्की, थाना प्रभारी अरुण कुमार नेताम उपस्थित थे। व्यापारी संघ के अध्यक्ष गोविंद वाधवानी पूरे हालात सामने रखे। दूसरे दिन भी विवाद कायम रहा।
डौंडीलोहारा में निकाली गई रैली
डौंडीलोहारा . पाटेश्वरधाम मामले को लेकर डौंडीलोहारा बंद रहा। व्यापारियों का समर्थन मिला। बंद के आह्वान के कारण ब्लॉक मुख्यालय सहित आसपास के ग्रामों के आदिवासी समाज के लोगों ने रैली निकाली और धरना दिया। डौंडीलोहारा थाना प्रभारी तुलसीह पट्टावी ने बताया कि धरना एवं बंद शांति रही। डीएसपी मुख्यालय नवनीत कौर डौंडीलोहारा में व्यवस्था बनाने उपस्थित रहीं। एसडीएम मनोज मरकाम ने कहा कि कानून व शांति व्यवस्था बनाने प्रशासन एवं पुलिस तैनात रही। कोई ज्ञापन नहीं मिला।