
बाढ़ आपदा से बचाव का अभ्यास
बालोद. तांदुला जलाशय में नहा रहा युवक अचानक डूबने लगा, जिसके बाद बाढ़ नियंत्रण विभाग नगर सेना की टीम ने जलाशय में जाकर डूबते युवक को बाहर निकाला। वहीं प्राथमिक उपचार कर किया, जिससे युवक बच गया। यह एक माकड्रिल था। हकीकत में कोई युवक नहीं डूब रहा था। इसे देख लोग एक पल के लिए घबरा गए कि आखिर जलाशय में कैसे डूब रहा था। जब लोगों को पता चला कि यह एक माकड्रिल था तो राहत की सांस ली।
नदी-नाले में डूब रहे लोगों को बचाने का किया अभ्यास
बारिश के दिनों में नदी-नाले व तालाबों में डूबने या बाढ़ में फंसने की शिकायत मिलती रहती है। बाढ़ में फंसे हुए लोगों को बचाने और नदी-नालों में डूबे लोगों को निकालने का अभ्यास किया जा रहा था। जिला नगर सेना की बाढ़ राहत के लिए शनिवार को टीम ने तांदुला जलाशय में सभी संसाधनों के साथ बाढ़ नियंत्रण व आपदा राहत बचाव का अभ्यास किया।
नगर सेना के सभी जवान तैनात रहे
इस दौरान सभी 14 नगर सेना के जवान तैनात रहे। इस साल मानसून सीजन से पूर्व अभ्यास नहीं किया गया था। इस लापरवाही को लेकर पत्रिका ने प्रमुखता से समाचार प्रकाशित किया था। समाचार प्रकाशन के बाद नगर सेना विभाग हरकत में आया और जलाशय में अभ्यास किया।
दो घंटे अभ्यास, टीम आपदा से निबटने तैयार
नगर सेनानी ने दावा किया कि उनके पास बाढ़ आपदा राहत व बचाव के लिए जितने भी सामान है, सभी ठीक है। कहीं कोई खराबी नहीं है। रिजर्व इंजन मोटर बोट भी है। बारिश में बाढ़ भी आ जाए तो फंसे लोगों को बचाने व राहत कार्य के लिए टीम तैनात है। जलाशय में लगभग दो घंटे तक अभ्यास किया। इसके बाद कहा-टीम तैयार है।
हर उपकरण का किया उपयोग, सभी सही
जिला सेनानी दिनेश रावटे ने पत्रिका को बताया कि नगर सेना के पास जितने भी उपकरण है, उन सभी उपकरणों का उपयोग किया गया। जैसे मोटर बोट चालकर देखा कहीं इंजन व बोट खराब नहीं है। इसे जलाशय के लगभग दो किमी क्षेत्र में चलाया गया।
कांटा जाली : कांटा जाली का उपयोग किसी व्यक्ति के नदी, तालाब, जलाशय या नाले में डूबने पर उसके शव को बाहर निकालने व ढूंढने के लिए किया जाता है। इसका भी प्रयोग किया।
रस्सा: रस्सा का उपयोग कोई व्यक्ति बाढ़ में फंसा है तो उसे एक छोर से दूसरे छोर में लाने व अन्य कार्य में किया जाता है।
लाइफ ब्वाय व लाइफ जॉकेट : नदी, नाले, तालाब, जलाशय के पानी में इसे पहनकर पानी में जाने से यह डूबने नहीं देता। बाढ़ आपदा राहत कार्य में काफी उपयोगी साबित होता है। अन्य उपकरणों का यहां उपयोग कर उसकी स्थिति देखी।
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14 सदस्यीय टीम है सक्रिय, विशेष प्रशिक्षण भी लिया
नगर सेना के 14 जवानों ने बाढ़ आपदा से बचाव का स्पेशल प्रशिक्षण लिया है। प्रशिक्षण लेकर जिले में भी कई जगहों पर सफल रेस्क्यू किया है। टीम के हर सदस्य को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है।
तांदुला जलाशय में टीम ने किया अभ्यास
जिला सेनानी दिनेश रावटे ने बताया कि शनिवार को टीम ने तांदुला जलाशय में अभ्यास किया है। सभी उपकरणों की जांच व उनका उपयोग भी किया सभी ठीक है। भविष्य में बाढ़ आपदा आती है तो हमारी टीम तैयार है।
Published on:
01 Jul 2023 07:37 pm
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