कुसमी क्षेत्र के ग्राम चरहटखुर्द के मयूरनाचा पारा निवासी 25 वर्षीय रविन्द्र नगेशिया आत्मज बीरबल नगेशिया हिंडालको के बॉक्साइट खदान में मजदूरी का कार्य करता था। बीते रविवार की सुबह से ही उसकी 5 वर्षीय बेटी अपने नाना के घर ग्राम बघुतकोना जाने की जिद कर रही थी। बच्ची के लगातार जिद में अड़े रहने से उसकी मां जमनी बाई भी मायके जाने के लिए तैयार हो गई।