
Photo- Patrika Network
अखिल भारतीय लोकतांत्रिक छात्र संगठन (एआइडीएसओ) ने जाति जनगणना कार्यों में शिक्षकों को लगाने पर सरकार की कड़ी आलोचना की है। सरकार से शिक्षकों को जल्द से जल्द इस कार्यभार से मुक्त करने की मांग की है।
एआइडीएसओ, कर्नाटक के सचिव अजय कामत ने रविवार को कहा कि राज्य में नया शैक्षणिक वर्ष 29 मई से शुरू होगा। स्कूलों के शुरू होने से पहले ही दाखिले होने चाहिए। हालांकि, सरकारी स्कूलों के शिक्षकों को जाति जनगणना में लगाया गया है। इससे सरकारी स्कूलों में नामांकन पर नकारात्मक असर पड़ेगा।
सरकारी स्कूल पहले से ही बुनियादी सुविधाओं की कमी से जूझ रहे हैं। दूसरी ओर निजी स्कूलों के शिक्षक पिछले एक महीने से दाखिले में व्यस्त हैं। शिक्षा और सरकारी स्कूलों की यह अनदेखी बच्चों को सरकारी स्कूलों से दूर कर देगी।एआइडीएसओ राज्य समिति सरकार से इस मुद्दे पर तुरंत ध्यान देने, सरकारी स्कूल के शिक्षकों को जनगणना ड्यूटी से मुक्त करने और उन्हें सरकारी स्कूलों में छात्रों के नामांकन की प्रक्रिया में लगाने का आग्रह करती है।
Published on:
19 May 2025 05:41 pm
बड़ी खबरें
View Allबैंगलोर
कर्नाटक
ट्रेंडिंग
