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मेवाड़ गौरव कप शुरू, 16 युवा व 4 महिला टीम के बीच मुकाबला

दी होप सोशल फाउण्डेशन बेंगलूरु की ओर से आयोजित वैभव ज्वैलरी मेवाड़ गौरव कप 2018 का रविवार को आगाज हुआ।

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Mewar Gaurav Cup starts

बेंगलूरु. दी होप सोशल फाउण्डेशन बेंगलूरु की ओर से आयोजित वैभव ज्वैलरी मेवाड़ गौरव कप 2018 का रविवार को आगाज हुआ। जसवंत कुमार मांडोत ने लोगस्स पाठ से शुभारंभ किया। दीपक मांडोत ने स्वागत किया। गुंजन दक ने फाउण्डेशन की गतिविधियों की जानकारी दी। प्रवीण भटेवरा ने अतिथियों का परिचय दिया।

विनोद कुमार दर्शनकुमार गन्ना, मनोहरलाल विमल कुमार कटारिया, श्यामसुंदर रमेशचंद विनोद कुमार नंदावत, पुखराज शांतिलाल मेहता, जसवंत कुमार दीपक कुमार मांडोत, रोशनलाल ललित कुमार कोठारी, दिनेश मांडोत, बसंत सिंघवी, मनीष कोठारी का सम्मान किया। मैच से पहले तैयारियों की डाक्यूमेंट्री दिखाई गई। अतिथियों ने फाण्डेशन एवं उत्साही युवाओं के सेवा कार्यों की सराहना की। टूर्नामेंट में १६ युवा व ४ महिला टीम भाग ले रही हैं। फाइनल मुकाबला एचएमटी मैदान पर १५ मई को प्रात: ६ बजे से खेला जाएगा।

व्यक्तित्व विकास को चाहिए अच्छा वातावरण
बेंगलूरु. वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ चिकपेट शाखा के तत्वावधान में कुलवेनहल्ली स्थित महावीर तपोवन में रवीन्द्र मुनि व रमणीक मुनि का रविवार को औपचारिक आध्यात्मिक मिलन समारोह संपन्न हुआ। इस अवसर पर रवीन्द्र मुनि ने कहा कि चंदन की भांति भले व सभ्य संपन्न लोगों की संगति से जीवन सुंदर सकारात्मक बनेगा।


वहीं, कोयले की संगति से जीवन में दाग व बुराई ही आएगी। उन्होंने कहा कि जीवन में सदाचार व्यक्ति की संगति से उदारता, सम्पन्नता व परोपकार की वृत्ति बढ़ती है। कुल मिलाकर व्यक्तित्व विकास के लिए अच्छा वातावरण बेहद जरूरी है। उन्होंने युवा पीढ़ी को भी संस्कारित व धर्मप्रिय बनाने की प्रेरणा दी। रमणीक मुनि ने प्रेम की परिभाषा को विस्तार से समझाते हुए कहा कि जहां प्रेम होगा वहां परमात्मा भी होंगे व भक्ति भी होगी। इस अवसर पर ऋषि मुनि व अर्हम मुनि ने भी विचार व्यक्त किए। बाबूलाल रांका व चिकपेट शाखा के पदाधिकारियों ने सभी की अगवानी की।


संघ के महामंत्री गौतमचंद धारीवाल ने बताया कि कार्यक्रम में रणजीतमल कानूंगा, अशोका रांका, शांतिलाल लोढा, राजेंद्र छाजेंद्र, आनंद कोठारी, राजेंद्र कोठारी, सुमेर सिंह मुणोत, उत्तमचंद बांठिया, रंजना गुलेच्छा, पारसमल लोढ़ा, सम्पतराज बडेरा, विनोद पोरवाल, पवन धारीवाल, उत्तमचंद ओस्तवाल, बाबूलाल दक सहित अनेक गणमान्यजनों व श्रावक श्राविकाओं ने शिरकत की। संचालन रमेश बोहरा ने किया। आभार गौतमचंद धारीवाल ने जताया।