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पुलिस आयुक्त जांच समिति के सामने पेश हुए

जांच दल के सामने पेश होकर बयान दिया
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बैंगलोर

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Anis Nisar Hameed

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Updated: 14 Mar 2020, 4:29 PM IST

पुलिस आयुक्त जांच समिति के सामने पेश हुए

पुलिस आयुक्त जांच समिति के सामने पेश हुए

मेेंंगलूरु. मेंगलूरु के पुलिसआयुक्त डॉ.पी.एस.हर्ष ने शुक्रवार को पुलिस फायरिंग मामले मेंं जांच दल के सामने पेश होकर ९३६ पृष्टों के दस्तावेज पेश कर अपना बयान भी दिया। उडूपी जिले के जिलाधिकारी जी.जगदीश के नेतृत्व वाले जांच दल के सामने हर्ष पेश हुए और गत वर्ष १९, दिसंबर को सीएए के विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसक वारदात और पुलिस फायङ्क्षरग से संबंधित सबूत व दस्तावेज पेश किए। उन्होंने २१ पृष्ठों का बयान भी दिया।जगदीश ने पत्रकारों को बताया कि हर्ष पूछताछ पूरी हो गई है। अगर जांच दल को कोई संदेह हो तो फिर बुलाकर पूछताछ कर सकती है। फिलहाल आयुक्त को बुलाने की जरूरत नहीं। पुलिस फायरिंग से संबंधित अभी तक पुलिस कर्मचारी समेत ३२० लोगों का बयान और सबूत संग्रहित किए गए है। दक्षिण कन्नड़ जिले के जिलाधिकारी, सहायक आयुक्त और पुलिस फायरिंग का शिकार दो युवकों के शवों का पोस्ट मार्टम किए चिकित्सकों का बनान लेना है। कुल १७६ पुलिस कर्मचारियों को गवाह माना जाएगा। अभी ५७ लोगों की जांच होनी है। उसी कारण सरकार को जांच रिपोर्ट पेश करने में दोरी होगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने तीन माह के अंंदर जांंच रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया है। २४ मार्च को तीन माह पूरे होंगे। अभी तक केवल अंतरिम रिपोर्ट पेश की गई है। समग्र रिपोर्ट पेश करने के लिए सरकार की कुछ दिनों की मोहलत मांगी जाएगी।