
बांसवाड़ा : बच्चों और माताओं में कुपोषण मिटाने की कवायद
बांसवाड़ा. जिले में कुपोषित बच्चों और माताओं में कुपोषण खत्म करने की कवायद युद्ध स्तर पर जारी है। इंदिरा गांधी मातृत्व पोषण योजना के तहत शनिवार को बांसवाड़ा ब्लॉक की तकरीबन 189 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया। ताकि ये कार्यकर्ताएं उनके कार्य क्षेत्र की माताओं और बच्चों को कुपोषण के दुष्परिणाम और उनसे बचने के तरीकों को बता सकें। इसके तहत वीरपुर, नलदा, नवागांव, ठीकरिया, निचला घंटाला, सेक्टर ए, सेक्टर बी, सेक्टर सी एवं खेड़ा की 189 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का क्षमता वर्धन किया गया।
आईपी ग्लोबल की ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर प्रियंका कंवर द्वारा दिए प्रशिक्षण में कार्यकर्ताओं को मातृ-शिशु एवं बाल पोषण के विभिन्न पहलू सहित कई बिन्दुओं पर विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में अलग-अलग सेक्टर की महिला पर्यवेक्षक, पायल नानावटी, राधा सरगरा, नीलिमा वर्मा, शालिनी त्रिवेदी, रैना गुप्ता, नमिता कुलश्रेष्ठ, सविता कोठारी एवं निर्मला चौहान द्वारा पूर्ण सहयोग किया गया।
उनके संभावित संचार संदेश और संबंधित संप्रेषण सामग्री के साथ-साथ बेहतर परामर्श के लिए प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण के माध्यम से कई विषयों पर बेहतर समझ विकसित करने के लिए अलग-अलग तरीकों में प्रशिक्षण को रुचिकर बनाने का प्रयास किया गया।
ये सिखाया प्रशिक्षण में
प्रशिक्षण के दौरान आहार और पोषण, कुपोषण क्या है ? इसे कैसे दूर करें? गर्भावस्था के दौरान पोषण एवं उसका महत्व, पोषण स्रोत, वजन की निगरानी के बारें मे जानकारियां दी गईं । राजस्थान सरकार की पहल इसमें आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की भूमिकाएं प्रभावी बातचीत के माध्यम से लाभार्थियों को परामर्श देना आदि कई विषयों को शामिल किया गया। इस प्रशिक्षण मे अलग-अलग सेक्टर की महिला पर्यवेक्षक जिसमें पायल नानावटी, राधा सरगरा, नीलिमा वर्मा, शालिनी त्रिवेदी, रैना गुप्ता, नमिता कुलश्रेष्ठ, सविता कोठारी एवं निर्मला चौहान आदि शामिल रहीं।
Published on:
26 Sept 2021 12:25 am
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