बांसवाड़ा/आनंदपुरी. जिले के आनंदपुरी थाना क्षेत्र में रविवार को बारातियों से भरी जीप बेकाबू होकर पलटने से करीब 25 जने जख्मी हो गए। इनमें 12 लोगों को करीबी नाहरपुरा सीएचसी ले जाया गया, जबकि तीन गंभीर घायलों को सीधा जिला मुख्यालय भेजने पर एमजी अस्पताल में भर्ती किया गया। दस अन्य को मामूली चोटें आईं।
पुलिस के अनुसार हादसा अपराह्न करीब तीन बजे हुआ, जबकि काजलिया ग्राम पंचायत के नालापाड़ा निवासी नरेश पुत्र वाला कटारा की बारात मणिलाल पारगी से शादी के लिए बड़लिया जा रही थी। जीप के अंदर और ऊपर बाराती बैठे थे, जिसमें आधे से ज्यादा बच्चे थे। काजलिया और कोबा रोड के बीच जीप अचानक अनियंत्रित होकर खेत में जाकर पलट गई और कुछ दूर पेड़ से टकराकर रूक गई। हादसे की जानकारी पर आसपास के ग्रामीण दौड़े। पीछे अन्य वाहनों से आ रहे बाराती भी मदद में जुटे। इत्तला पर आनंदपुरी थाने का पुलिस दल भी मौके पर पहुंचा, लेकिन इससे पहले ग्रामीणों ने घायल बारातियों को निकालकर नाहरपुरा सीएचसी भिजवा दिया। ब्लॉक सीएमएचओ डॉ. देवेंद्र डामोर ने बताया कि कुछ बारातियों को मामूली चोटें आई तो मरहम-पट्टी कर उन्हें रवाना किया गया। नाहरपुरा सीएचसी में 12 जने काजलिया निवासी हितेश (12) पुत्र दिनेश, सुमित्रा (18) पुत्री बसु , मनीषा (16) पुत्री लक्सी, भावना (21) पुत्री खातू, निर्मला (19) पुत्री जीतमल, इटली (68) पत्नी धुला, मानी (65) पत्नी कालिया, निर्मला (11) पुत्री लाला, कल्पेश (10) पुत्र मगन, कालिया (65) पुत्र हमजी और हरदार (62) पुत्र हमजी और चोरड़ी निवासी सोहन (42) पुत्र वारजी लाए गए। इनमें गंभीर हालत पर हितेश, निर्मला, मनीषा व भावना को बांसवाड़ा रैफर किया गया। उधर, दुर्घटनास्थल से सीधे तीन जनों काजलिया निवासी अनिल (8) पुत्र सुंदरलाल कटारा, नाथू (60) पुत्र मोती और सुनीता (18) पुत्री बसन्त पारगी को एमजी अस्पताल लाने पर यहां भर्ती कर उपचार किया गया। सभी घायलों की हालत खतरे से बाहर बताई गई।
…. तो खाई में गिरती जीप
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जीप पलटने के बाद पेड़ से टकराकर थम गई, वरना आगे खाई में गिरने पर बारातियों की जानें संकट में आ जातीं। हादसे को लेकर देर शाम तक किसी ने आनंदपुरी थाने में रिपोर्ट नहीं दी। हालांकि बाद में थाने के पुलिस दल ने अस्पतालों में भर्ती घायलों की जानकारी ली।
मौत पर भी सबक नहीं, और भी दिखलाई दीं ऊपर-नीचे भरी जीपें
इससे पहले 14 अप्रैल को आनंदपुरी क्षेत्र में ही पगड़ी पहनाने की रस्म निभाने जा रहे ग्रामीणों से भरी मिनी बस थापड़ा घाटी पर बेकाबू होकर पहाड़ी से जा टकराई थी। उस हादसे में एक किशोर की मौत हो गई, वहीं 35 लोग घायल हुए। उसके बाद भी किसी ने सबक नहीं लिया और सावों के दौर में ठसाठस बाराती भरकर वाहन दौड़ाने का सिलसिला जारी है। पुलिस और परिवहन विभाग के अधिकारी बेपरवाह होने से ऐसे हादसे सामने आ रहे हैं।