बांसवाड़ा. 1008 आदिनाथ पंच कल्याण प्रतिष्ठा महोत्सव 4 से 9 दिसम्बर तक आयोजित किया जाएगा। आयोजन समिति अध्यक्ष अशोक वोहरा ने बताया कि समस्त आयोजन आचार्य सुनील सागर महाराज के सानिध्य में सम्पन्न होंगे। जिसमें धार्मिक अनुष्ठान के साथ ही कवि सम्मेलन, रथ यात्रा, दीक्षा समारोह सहित विविध आयोजन होंगे। जिसके लिए नूतन स्कूल मैदान में तैयारियों प्रारंभ हो चुकी हैं। कार्यक्रम में दूरदराज से धर्मप्रेमियों के पहुंचने की संभावना है। समाजजन तैयारियों में जुटे हुए हैं।
अंदेश्वर पाŸवनाथ में मुख्य मेला आज : – कलिंजरा. अंदेश्वर में मुख्य मेला आज भरेगा। मेले में बांसवाड़ा, डूंगरपुर सहित अन्य क्षेत्रों से भी समाज के श्रद्धालु पहुंंचें है। तीर्थ क्षेत्र कमेटी के अध्यक्ष जयन्तीलाल सेठ व महामंत्री हंसमुख सेठ ने बताया कि प्रात:काल भगवान पाŸवनाथ की खडगासन प्रतिमा का महामस्तभिषेक प्रतीक सागर महाराज के मंगलोच्चारण के साथ होगा। उसके बाद पूजा अर्चना नवयुवक मण्डल की मधुर स्वर लहरी के साथ निवार्णोत्सव की पूजा की जाएगी। प्रात: 9 बजे निर्वाण लाडू मुख्य मंदिर, जूना मंदिर, कांच मंदिर के बाद चोबीष्टी, मानस्तम्भ पर चढाया जाएगा। महाआरती का आयोजन स्वामी वात्सल्य भोज नरेशभाई व भंवरभाई के द्वारा दिया जाएगा। दोपहर 12 बजे आदिवासी भाइयों का पौराणिक आख्यानों के साथ ढोल नगाडों की मधूरताल पर श्रीफल वदेरकर किया जाएगा। 3 बजे विशाल जलयात्रा मंदिर परिसर से प्रारम्भ होकर अन्देश्वर की तीर्थस्थली के चारों तरफ परिभ्रमण कर पाण्डुकशिला पहुंचेगी। वहीं मंगल कलश की स्थापना वगेरिया महावीरकुमार कांतीलालजी हाल मुकाम मुम्बई को प्राप्त हुआ। रात्रि में नृत्यगान के साथ नवयुवक मण्डल की मधुर स्वरलहरी पर महाआरती का आयोजन होगा। दूसरी ओर मुनि प्रतीक सागर महाराज ने धर्म सभा में कहा कि मंगलमय जीवन में राग द्वेष घोलकर अपने जीवन को अमंगल नहीं बनाना चाहिए। जीवन में तीर्थंकरो के जीवन चरित्र से प्रेरणा लेकर अपने जीवन को तीर्थ बनाने का प्रयास करना चहिए।