बांसवाड़ा. जिले में मोटे आसामियों को सलमान लाला नाम से धमकाकर लाखों की रंगदारी वसूलने की तीन कोशिशों का पुलिस ने शुक्रवार को पूरा खुलासा किया। मामले में प्रतापगढ़ केगवास निवासी शातिर शाहरुख पुत्र अजीज खान की मुम्बई से गिरफ्तारी के बाद साजिशों से पर्दा उठा है। बांसवाड़ा में फिरौती के लिए तीन जनों को आए कॉल शाहरूख ने ही सलमान लाला के नाम से किए थे। हालांकि रंगदारी के संगठित गिरोह का सरगना खाचरोद का सलमान लाला ही है। पुलिस प्रकरण में 14 जनों को गिरफ्तार कर चुकी है। अगला लक्ष्य सलमान लाला है।
पुलिस अधीक्षक अभिजीतसिंह ने बताया कि 22 जनवरी को बड़ोदिया निवासी यासीन मोहम्मद की हमीरपुरा स्थित होटल पर फायरिंग और इससे पहले 20 जनवरी को यासीन से पचास लाख रुपए, बागीदौरा के ईंट भट्टा संचालक अरमान से एक करोड़ और बांसवाड़ा में गैराज मालिक मोहम्मद नौशाद से 20 लाख की फिरौती मांगने के मामलों में पूर्व में गिरफ्तार जावरा के अल्फेश, रुबेन, इमरान, जेनुल हसन और प्रतापगढ़ के रेहान के साथ शाहरुख और सलमान लाला इन सात जनों का गिरोह जुटा था। इस गिरोह ने ही हथियारों की खरीद-फरोख्त और वारदातों के लिए फाइनेंस किया था।
इसके दीगर, वारदातों के बाद गिरोह के सदस्यों को इंदौर में शरण देने का जिम्मा सलमान लाला ने लिया था। बांसवाड़ा में शाहरुख ने दो माह पूर्व शादी समारोह में आकर जांबाज, सोमिन और तौसिफ उर्फ बंटी को सहयोगी बनाया। उसी ने प्रतापगढ़ में मोबाइल और सिम लेकर राजू उर्फ नियाज और नगमा कुरैशी को साजिश में शामिल किया। बाइक और अन्य इंतजामों के लिए बांसवाड़ा के फरहान, असलम और इंदौर के आमिर को साथ लेकर पैसे उगाहे। प्रकरण में शाहरुख सहित चौदह आरोपियों की गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। अब सलमान लाला की धरपकड़ के प्रयास जारी हैं।
तीन-चार महीने से थे सक्रिय
मामले में डीएसपी बागीदौरा रामगोपाल बसवाल के अनुसार पूछताछ में सामने आया कि रंगदारी से वसूली नकदी को लेकर इनमें कमिटमेंट था। शूटर और स्थानीय सहयोगियों को पैसा देने के बाद बड़ी रकम इन सात लोगों में बंटना तय किया था। सहयोगियों को मोटे आसामियों को चिह्ति करने, उनके नंबर जुटाने, वाहन व्यवस्था आदि का जिम्मा दिया था। कलिंजरा थानाधिकारी कपिल पाटीदार ने बताया कि सलमान लाला निवेशक की तरह रहा और उसके नाम से शाहरुख ने धमकियां दीं। अनदेखी करने पर दहशत फैलाने के लिए बंटी उर्फ तौसिफ और जांबाज को भेजा। इनके लिए बाइक सोमीन ने जुटाई थी।
पैदल घरों तक ले जाकर बाइक-पिस्तौल बरामदगी
शाहरुख की गिरफ्तारी के बाद रिमांड पर चल रहे बदमाशों में से तीन को पुलिस ने शुक्रवार शाम को पैदल हुसैनी चौक, मंडिया स्थित घरों पर ले गई और उनकी निशानदेही पर फायरिंग में प्रयुक्त पिस्तौल और बाइक बरामद की। अधिकारियों-जवानों के घेरे में गैंग के सदस्यों को शहर में पैदल ले जाने के पीछे कारण सुरक्षा संबंधित और मौका तस्दीक के बताए गए, लेकिन इसे धमकाकर दहशतगर्दी फैलाने पर होने वाले हश्र का प्रदर्शन माना गया। डीएसपी बागीदौरा बसवाल, सीओ सूर्यवीरसिंह, शहर कोतवाल रतनसिंह चौहान, कलिंजरा सीआई पाटीदार के साथ जाब्ता बदमाशों बंटी और सोमिन को लेकर उनके घरों तक पहुंचा, तो परिजन शोर-शराबा करने लगे। जवानों को थोड़ी मशक्कत करनी पड़ी। उधर, बड़ोदिया में भी पुलिस ने बदमाशों को पैदल घूमाते हुए पुलिस ने प्लानिंग की जगह और अन्य मौकों की तस्दीक की। कार्रवाई दल में थानाधिकारी राजतालाब रामरूप मीना, महिला थाना सीआई दिलीपसिंह, सल्लोपाट से नागेंद्रसिंह, आनंदपुरी से सीआई देवीलाल की टीमों के साथ साइबर सेल शामिल रही।