
एक ऐसा थाना जहां तैनाती के बाद थानेदार बना लेता है करोड़ों का बंगला, कॉन्स्टेबल की करते हैं जमकर कमाई, भाजपा विधायक के आरोपों से हड़कंप
बाराबंकी. जिले का एक ऐसा थाना जहां तैनाती के लिए एक कॉन्स्टेबल से लेकर थानेदार तक एड़ी चोटी का जोर लगा देते हैं। और भला हो भी क्यों ना, उस थाने पर पोस्टिंग के बाद पुलिस वाले अपनी अकूत संपत्ति जो जुटा लेते हैं। जी हां हम बात कर रहे हैं बाराबंकी के जैदपुर थाने की। वही जैदपुर जो अफीम की खेती के लिए देश ही नहीं विदेश में भी जाना जाता है। यहां का टिकरा गांव जहां एक जमाने में घर-घर अफीम की खेती होती थी। वही जैदपुर थाना एक बार फिर चर्चा में है और इस बार भी चर्चा यहां तैनात थानेदार और कांस्टेबलों की वजह से हो रही है। और इनके काले कारनामों का खुलासा किसी और ने नहीं बल्कि भारतीय जनता पार्टी के रामनगर विधायक शरद अवस्थी ने किया है। भाजपा विधायक की मानें जैदपुर थाने पर तैनात दो प्रभारी निरीक्षकों में से एक लखनऊ में 5 करोड़ का बंगला बनवा रहा है, जबकि दूसरा भी जमकर लूट हसोट करके कमाई कर रहा है। विधायक का आरोप है कि यहां तैनात कॉन्स्टेबलों ने भी जमकर लूट की है। यहां तक कि इन कांस्टेबलों का तबादला होने के बाद भी यह सब इसी थाने पर जमे हैं। बीजेपी विधायक ने इन सबके खिलाफ मोर्चा खोलते हुए इनकी शिकायत जिले में एसपी से लेकर पुलिस महकमे के सबसे बड़े अधिकारी डीजीपी तक की है। जिसके बाद यह मामला पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है।
बीजेपी विधायक ने खोला मोर्चा
बाराबंकी का जैदपुर कस्बा वेसे तो अफीम की खेती के लिए देश और विदेश में जाना जाता है। जैदपुर कस्बे को विदेशों में लोग अफीम हब के रूप में जानते हैं। लेकिन इस बार जैदपुर कस्बा नहीं यहां का थाना चर्चा में है। जहां तैनाती के बाद थानेदार से लेकर कॉन्स्टेबल तक अकूत संपत्ति के मालिक हो जाते हैं। भारतीय जनता पार्टी के विधायक शरद कुमार अवस्थी के गंभीर आरोपों के बाद बाराबंकी के पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। शरद अवस्थी ने जैदपुर थाने पर तैनात प्रभारी निरीक्षक अमरेश सिंह बघेल और धनंजय सिंह समेत वहां तैनात कॉन्स्टेबल गजेंद्र सिंह, सर्वेश सिंह और मोहम्मद शाहनवाज पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। शरद अवस्थी ने पुलिस महकमे के सबसे बड़े अधिकारी डीजीपी को बाकायदा पत्र लिखकर इन सभी की शिकायत की है। शरद अवस्थी ने आरोप लगाया कि जैदपुर थाने पर तैनात प्रभारी निरीक्षक अमरेश सिंह बघेल ने वहां जमकर लूट-खसोट करके अकूत दौलत इकट्ठा की है। उसी कमाई से बघेल लखनऊ में अपना पांच करोड़ का आलीशान बंगला बनवा रहा है। इसके अलावा दूसरे प्रभारी निरीक्षक धनंजय सिंह भी जमकर कमाई कर रहे हैं। शरद अवस्थी ने बताया कि तीनों कॉन्स्टेबल मार्च महीने में हुए ट्रांसफर के बाद भी जैदपुर थाने में ही जमे रहे और वहां की जनता को प्रताड़ित करके कमाई कर रहे हैं। उनके मुताबिक एसपी द्वारा किए गए तबादले में कांस्टेबल गजेंद्र सिंह का तबादला फतेहपुर, कांस्टेबल सर्वेश सिंह का तबादला घुंघटेर और कॉन्स्टेबल मोहम्मद शाहनवाज का तबादला जहांगीराबाद थाने पर हुआ था। लेकिन यह तीनों जैदपुर थाने पर ही काम कर रहे थे। इन कांस्टेबलों को अमरेश सिंह बघेल और धनंजय सिंह अपनी शह दिए हुए हैं और सभी की मिलीभगत से यह गोरख धंधा चल रहा है। शरद अवस्थी ने डीजीपी को लिखे पत्र में सभी के खिलाफ सख्त कार्रवाई और इनकम टैक्स विभाग से सभी की संपत्ति की जांच कराने की मांग की है। हालांकि मामला सुर्खियों में आने के बाद अब इन कांस्टेबलों को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
डीजीपी से शिकायत, जांच की मांग
भाजपा विधायक शरद अवस्थी ने बताया कि उन्होंने इन सभी वर्दीधारियों के काले कारनामे का खुलासा करते हुए डीजीपी को पत्र लिखा है। उन्होंने बताया कि जैदपुर थाने पर तैनात प्रभारी निरीक्षक अमरेश सिंह बघेल और धनंजय सिंह समेत वहां तैनात राह चुके कॉन्स्टेबल गजेंद्र सिंह, सर्वेश सिंह और मोहम्मद शाहनवाज क्षेत्र की जनता को परेशान करके जमकर लूट मचाए हुए हैं। इन सभी ने मिलकर थाने पर खूब भ्रष्टाचार फैलाया है। यहां तक कि कांस्टेबलों के ट्रांसफर के बाद भी यह सब एक दूसरे से मिलकर उसी थाने पर जमे हैं। शरद अवस्थी ने बताया कि उन्होंने डीजीपी को पत्र लिखकर इन सभी के खिलाफ सख्त कार्रवाई के साथ इनकम टैक्स विभाग द्वारा सभी की संपत्ति की जांच करवाने की मांग की है।
Updated on:
03 Jun 2020 10:54 am
Published on:
02 Jun 2020 12:13 pm
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