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खेतों में जमी बर्फ, पाला पडऩे से सकते में किसान

सुबह खेतों में फसल व घास पर ओस की बूंदें बर्फ की चादर जैसी जम गई। इसे देख किसान सकते में रहे। वहीं गलन के

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घास पर ओस की बूंदें

मौसम हुआ और भी सर्द
छीपाबड़ौद उपखंड क्षेत्र में फसलों में खराबे के आसार
बारां. शहर समेत जिले में सर्दी के तेवर और भी तल्ख हो गए। कई क्षेत्रों में सुबह खेतों में फसल व घास पर ओस की बूंदें बर्फ की चादर जैसी जम गई। इसे देख किसान सकते में रहे। वहीं गलन के दौर से जनजीवन खासा प्रभावित रहा। मौसम विभाग के अनुसार जिले का अधिकतम तापमान 22 व न्यूनतम तापमान ५ डिग्री सेल्सियस रहा। ऐसे में लोग अलाव तापकर सर्दी से बचाव के जतन करते रहे।
बदल गई लोगों की दिनचर्या
सर्दी के सर्द दौर ने लोगों की दिनचर्या में खासा बदलाव आ गया है। रात को जल्द ही बिस्तरों में दुबकने के साथ लोग सुबह देर तक बिस्तर नहीं छोड़ रहे। सुबह धूप निकलने के बाद लोग अलाव छोड़ते हैं। इनदिनों स्कूलों में शीतकालीन अवकाश होने से बच्चों को राहत मिल रही हैं, लेकिन कोचिंग संसथानों में जाने वाले बच्चे सुबह ऊनी वस्त्रों में लिपट हुए जाते नजर आते हैं।
नुकसान के सर्वे की मांग
हरनावदाशाहजी. शुक्रवार रात को क्षेत्र में सर्दी का सितम भारी रहा। तापमान जमाव बिंदु तक पहुंचने से खेतों में छाई ओस की बूंदें बर्फ की परत में बदल गई। इधर पाला पडऩे के हालात बनने के बाद रबी की फसलों में व्यापक नुकसान पंंहुचा है। धनिये की फसल में नुकसान हुआ है तो वहीं आलू, टमाटर, बैंगन एवं लहसुन की फसलें झुलस गई। जिससे व्यापक नुकसान की आशंंका बढ़ गई है। रात को कड़ाके की सर्दी ने जहां लोगों को बेहाल कर दिया। वहीं सुबह तापमान काफी गिरा रहा। समीपवर्ती गांव अमृतखेड़ी निवासी गजानंद लोधा एवं हुकमचंद लोधा ने बताया कि सुबह जल्दी जब खेतों पर पंहुचे तो वहां बर्फ की चादर बिछी नजर आई। हालांकि धूप खिलने से कुछ देर बाद बर्फ पिघल गई। कस्बे के काश्तकार छीतर लहरपुरिया ने बताया कि सुबह घास एवं फसलों पर बर्फ की चादर बिछी हुई नजर आई। पाला पडऩे के कारण फसलें झुलसी नजर आई। काश्तकारों ने फसलों में हुए नुकसान का सर्वे कराने की मांग की है।
फसलों पर बर्फ की चादर
सारथल. सारथल सहित क्षेत्र में सर्दी का कहर एक बार फिर बढ़ गया है। सप्ताह भर कुछ दिनों की राहत मिलने मे बाद अचानक सर्दी में तेजी आई है शुक्रवार रात क्षेत्र के बोरदा गांव में फसलों पर बर्फ की पतली चादर जमी। दो सुबह पिघल गई।
धनिये में खराबे के आसार
मुंडियर. कस्बे समेत आसपास क्षेत्र में सर्दी सितम ढहा रही है। इससे सुबह के समय लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया तो शाम को ही लोग बिस्तरों में दुबकने लगे हैं। शुक्रवार रात को सर्दी के जोर व फसलों पर जमी ओस की बूंदों से धनिये में पाला पडऩे के आसार बन गए। इसको लेकर किसानों में चिन्ता पसर गई है।
रिपोर्ट - हंसराज शर्मा द्वारा
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