प्रमाणित बीजों का प्रयोग
बारिश की फसल होने के कारण सोयाबीन में सिंचाई की आवश्यकता नहीं पड़ती है। सोयाबीन में खरपतवार होने पर निराई-गुड़ाई जरूर करवाते हैं। यदि खेत में खरपतवार खत्म नहीं हो, तो खरपतवार नाशक का छिड़काव भी करते हैं। सोयाबीन की फसल को इल्लियों से बचाने के लिए प्रमाणित दवाओं का ही प्रयोग करते हैं। किसान महावीर का कहना है कि पूरी फ सल के दौरान आए खर्चे को निकालने के बाद लगभग 10,000 से 12,000 रुपए तक की बचत हो जाती है।