देवरी. शाहाबाद के तलहटी में हुई अतिवृष्टि के कारण किसानों की फसलें चौपट हो गई। कई खेत भी पूरी तरह से बंजर बन गए। जिसके चलते क्षेत्र के लोगों को रोजगार सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है।
क्षेत्र के आदिवासी सहरिया लोगों को आस-पास के गांवो में भी रोजगार नहीं मिल रहा है। पहले खरीफ की फसल की कटाई, थ्रेसिंग सहित अन्य कामों में कुछ मात्रा में रोजगार मिल जाता था, लेकिन क्षेत्र की फसलें तबाह होने के कारण अब लोगों को स्थानीय स्तर पर रोजगार नही मिल रहा है। मटियाखारा, चोराखाड़ी, हरिनगर, पठारी गांवो में मनरेगा बन्द है। इस कारण लोगो को रोजगार नही मिल रहा था। रोजगार नही मिलने से लोग पलायन कर गए और अन्य गांवो के लोग भी पलायन कर रहे हंै। गांव के गांव खाली हो रहे हंै। हरिनगर में मात्र 40-50 लोग बचे हैं। जबकि इस गांव में करीब 400 के करीब लोग है। यह गांव सहरिया बाहुल्य है।