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95 करोड़ का हेल्थ प्रोजेक्ट ऑन ट्रैक—सीबीगंज में बन रहा 100 बेड का हाईटेक अस्पताल, 2026 तक होगा तैयार

शहर में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। एक तरफ सीबीगंज स्थित ईएसआई हॉस्पिटल में 24 घंटे इलाज की सुविधा मिल रही है, तो दूसरी ओर 95 करोड़ रुपये की लागत से 100 बेड का नया अस्पताल तेजी से तैयार हो रहा है। वहीं, आयुष्मान कार्ड बनाने के मामले में भी बरेली ने पूरे प्रदेश में बाजी मार ली है।

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बरेली। शहर में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। एक तरफ सीबीगंज स्थित ईएसआई हॉस्पिटल में 24 घंटे इलाज की सुविधा मिल रही है, तो दूसरी ओर 95 करोड़ रुपये की लागत से 100 बेड का नया अस्पताल तेजी से तैयार हो रहा है। वहीं, आयुष्मान कार्ड बनाने के मामले में भी बरेली ने पूरे प्रदेश में बाजी मार ली है।

24 घंटे इलाज, हर विभाग की सुविधा—ESI हॉस्पिटल बना राहत का केंद्र

सीबीगंज स्थित 50 बेडेड ईएसआई हॉस्पिटल वर्ष 2018 से संचालित है, जहां मरीजों को 24 घंटे लेबर रूम, लैब और एक्स-रे जैसी सुविधाएं मिल रही हैं। अस्पताल में जनरल मेडिसिन, पीडियाट्रिक्स, ईएनटी, ऑर्थोपेडिक और ऑब्स/गाइनी विभागों में ओपीडी और आईपीडी सेवाएं लगातार चल रही हैं। इससे आसपास के हजारों श्रमिक और उनके परिवारों को बड़ा सहारा मिला है।

95 करोड़ का नया अस्पताल—स्वास्थ्य सेवाओं का बड़ा विस्तार

ईएसआई हॉस्पिटल परिसर के पास ही 100 बेड का आधुनिक अस्पताल निर्माणाधीन है, जिसे केन्द्रीय लोक निर्माण विभाग द्वारा करीब 95 करोड़ रुपये की लागत से बनाया जा रहा है। प्रस्तावित है कि यह अस्पताल नवंबर 2026 तक तैयार हो जाएगा। इसके शुरू होने के बाद मरीजों को और बेहतर और हाई-टेक सुविधाएं मिलेंगी।

आयुष्मान में बरेली टॉप—प्रदेश में सबसे आगे निकला जिला

आयुष्मान भारत योजना के तहत कार्ड बनाने में बरेली ने पूरे प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। 15 फरवरी तक प्रदेश में 7.66 लाख लोगों के कार्ड बने, जिसमें अकेले बरेली में 50 हजार से ज्यादा लाभार्थियों को आयुष्मान कार्ड जारी किए गए हैं।

आंकड़े बोले—50 हजार पार, बाकी जिलों को पीछे छोड़ा

बरेली में 57,147 लोगों ने आवेदन किया था, जिनमें से 50,367 लोगों के आयुष्मान कार्ड बन चुके हैं। वहीं जौनपुर 35 हजार कार्ड के साथ दूसरे स्थान पर है। सिद्धार्थनगर, प्रयागराज और गाजीपुर जैसे जिले भी पीछे रह गए हैं।

शासन की सख्ती—हर दिन हो रही समीक्षा, तेजी से चल रहा अभियान

आयुष्मान योजना की पात्रता सूची रिवाइज होने के बाद शासन ने सभी जिलों को तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। इस अभियान की नियमित समीक्षा भी की जा रही है, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंदों को योजना का लाभ मिल सके।

सीएमओ का बयान—हर पात्र तक पहुंचे योजना का लाभ

सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह ने बताया कि आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए नोडल अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश दिए गए हैं। लक्ष्य साफ है—हर पात्र व्यक्ति तक योजना का लाभ पहुंचाना और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाना।