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हजार की फीस, दस हजार की वसूली, बरेली आरटीओ में ‘रेट लिस्ट’ का खेल, भाजपा नेता ने मुख्यमंत्री से की शिकायत

आरटीओ कार्यालय में कथित भ्रष्टाचार को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। भाजपा महानगर बरेली के निवर्तमान महामंत्री यतिन भाटिया ने आरआई हारुन सैफी के खिलाफ मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया है

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यतिन भाटिया, भाजपा नेता

बरेली। आरटीओ कार्यालय में कथित भ्रष्टाचार को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। भाजपा महानगर बरेली के निवर्तमान महामंत्री यतिन भाटिया ने आरआई हारुन सैफी के खिलाफ मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया है कि परिवहन विभाग का कार्यालय अवैध वसूली का अड्डा बन चुका है और आम लोगों से खुलेआम मोटी रकम वसूली जा रही है।

हजार की सरकारी फीस, लेकिन वसूली हजारों में

शिकायत में कहा गया है कि आरटीओ कार्यालय में आम जनता से सरकारी शुल्क से कई गुना ज्यादा पैसे वसूले जा रहे हैं। आरोप है कि जहां किसी काम के लिए करीब एक हजार रुपये सरकारी शुल्क है, वहीं लोगों से पांच से दस हजार रुपये तक ‘सुविधा शुल्क’ के नाम पर मांगे जा रहे हैं। बिना पैसे दिए काम कराना लोगों के लिए लगभग नामुमकिन बताया जा रहा है।

प्राइवेट लोगों का बोलबाला, उन्हीं के हाथ में वसूली

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि कार्यालय में कई प्राइवेट लोगों को बैठाकर उनसे ही अवैध वसूली कराई जा रही है। रोहित सक्सेना नाम के एक व्यक्ति का जिक्र करते हुए कहा गया है कि वह आरआई के इशारे पर लोगों से पैसे लेने का काम करता है। आरोप है कि ऐसे कई निजी लोग दफ्तर में सक्रिय हैं और वही तय करते हैं कि किसकी फाइल आगे बढ़ेगी और किसे चक्कर लगवाए जाएंगे।

रिश्वत न दो तो दफ्तर के चक्कर लगाओ

यतिन भाटिया का आरोप है कि अगर कोई व्यक्ति रिश्वत देने से मना कर देता है तो उसे बार-बार दफ्तर के चक्कर कटवाए जाते हैं। छोटी-छोटी कमियों का बहाना बनाकर फाइल रोक दी जाती है और लोगों को परेशान किया जाता है। उनका कहना है कि इससे न सिर्फ आम जनता त्रस्त है, बल्कि सरकार और विभाग की छवि भी खराब हो रही है।

एआरटीओ बोले—संज्ञान में नहीं मामला

इस मामले में जब एआरटीओ पीके सरोज से बात की गई तो उन्होंने कहा कि फिलहाल यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि इस तरह की कोई शिकायत सामने आई है तो उसकी जांच कराई जाएगी और आरोप सही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।