15 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

छोटे वाहनों के लिए खुला सिटी स्टेशन रोड, दौड़ी जिंदगी, जल्द खुलेगा पूरा रोड, नहीं लगेगा जाम

दो महीने से जाम और डायवर्जन की मार झेल रहे शहरवासियों के लिए आखिरकार राहत की खबर आई है। सिटी स्टेशन रोड को छोटे वाहनों के लिए खोल दिया गया है।

2 min read
Google source verification

बरेली। दो महीने से जाम और डायवर्जन की मार झेल रहे शहरवासियों के लिए आखिरकार राहत की खबर आई है। सिटी स्टेशन रोड को छोटे वाहनों के लिए खोल दिया गया है। पीडब्ल्यूडी और ट्रैफिक पुलिस के संयुक्त फैसले के बाद मंगलवार से बाइक और ई-रिक्शा इस मार्ग पर दौड़ने लगे हैं, जिससे लोगों को बड़ी राहत मिली है।

चौपुला पुल से किला तक जाने वाला सिटी स्टेशन मार्ग शहर के सबसे व्यस्त रास्तों में गिना जाता है। सड़क निर्माण के चलते पिछले करीब दो महीने से यह मार्ग बाधित था, जिससे रोजाना हजारों लोग जाम में फंसकर परेशान हो रहे थे। वनवे व्यवस्था के कारण लोगों को लंबा चक्कर लगाकर सफर करना पड़ रहा था।

5 करोड़ की लागत से बनी 1200 मीटर सीसी रोड

नगर निगम ने इस महत्वपूर्ण सड़क के निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग को करीब 5 करोड़ रुपये दिए थे। इसके तहत 1200 मीटर लंबी सीसी रोड का निर्माण कराया गया है। यह सड़क शहर के मुख्य स्टेशन और रेलवे स्टेशन को जोड़ने वाली लाइफलाइन मानी जाती है, इसलिए इसका चालू होना बेहद जरूरी था।

फिलहाल छोटे वाहनों को ही मिली एंट्री

पीडब्ल्यूडी ने फिलहाल इस मार्ग को प्रयोग के तौर पर केवल छोटे वाहनों के लिए खोला है। बाइक और ई-रिक्शा को अनुमति दी गई है, जबकि भारी वाहनों पर अभी रोक जारी है। इससे ट्रैफिक का दबाव नियंत्रित करने की रणनीति अपनाई गई है।प्रांतीय खंड पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता भगत सिंह ने बताया कि यह फैसला ट्रैफिक पुलिस से समन्वय के बाद लिया गया है। पहले ट्रायल के रूप में छोटे वाहनों को अनुमति दी गई है, ताकि यातायात की स्थिति का आकलन किया जा सके।

आगे मिल सकती है और बड़ी राहत

अधिकारियों का कहना है कि अगर ट्रायल सफल रहता है तो आने वाले दिनों में अन्य वाहनों के लिए भी रास्ता खोला जा सकता है। इससे शहर के ट्रैफिक सिस्टम को और ज्यादा राहत मिलने की उम्मीद है।सड़क खुलते ही स्थानीय लोगों और रोजाना आने-जाने वालों ने राहत की सांस ली है। अब उन्हें जाम और लंबी दूरी के झंझट से छुटकारा मिलेगा, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत होगी।