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डिप्टी सीएम तक पहुंचा ठेले पर पत्नी को ले जाने का मामला, डीएम ने मांगी रिपोर्ट, अब CCTV फुटेज से खुलेगी लापरवाही की परतें

जिला अस्पताल की इमरजेंसी से बीमार पत्नी को ठेले पर लिटाकर घर ले जाते बुजुर्ग का वीडियो वायरल होने के बाद स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन में हड़कंप मच गया है। इलाज नहीं मिलने और बदहाल व्यवस्थाओं को कोसते हुए बुजुर्ग के अस्पताल से निकलने के मामले में अब जांच बैठा दी गई है।

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Elderly man taking sick wife on handcart outside Bareilly District Hospital

वायरल वीडियो से लिया गया क्लिप

बरेली। जिला अस्पताल की इमरजेंसी से बीमार पत्नी को ठेले पर लिटाकर घर ले जाते बुजुर्ग का वीडियो वायरल होने के बाद स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन में हड़कंप मच गया है। इलाज नहीं मिलने और बदहाल व्यवस्थाओं को कोसते हुए बुजुर्ग के अस्पताल से निकलने के मामले में अब जांच बैठा दी गई है। जिलाधिकारी के निर्देश पर एडी एसआईसी ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित कर रिपोर्ट तलब की है। वहीं, डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य महानिदेशक स्तर से जांच कराने के निर्देश दिए हैं।

प्रभारी एडी एसआईसी डॉ. आरसी दीक्षित के मुताबिक बुजुर्ग महिला को तीन दिन तक जिला अस्पताल के फीमेल वार्ड में भर्ती रखा गया था। हालत में सुधार नहीं होने पर उसे हायर सेंटर रेफर कर नीचे वार्ड में शिफ्ट किया गया। इसी दौरान बुजुर्ग बिना डॉक्टर को सूचना दिए पत्नी को लेकर अस्पताल से चला गया। अब जांच टीम इलाज की पूरी प्रक्रिया, मरीज की जांच रिपोर्ट, उस समय ड्यूटी पर मौजूद ईएमओ, स्टाफ नर्स और वार्ड बॉय से पूछताछ करेगी। साथ ही इमरजेंसी में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जाएगी ताकि यह पता लगाया जा सके कि आखिर किन परिस्थितियों में बुजुर्ग को पत्नी को ठेले पर ले जाने का फैसला करना पड़ा।

वायरल वीडियो ने खोली अस्पताल की मुस्तैदी

सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि महिला मरीज के अस्पताल से चले जाने की जानकारी अधिकारियों को सीधे वायरल वीडियो से मिली। इमरजेंसी में तैनात ईएमओ, वार्ड बॉय और स्टाफ नर्स में से किसी ने भी वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी सूचना नहीं दी। इससे इमरजेंसी में तैनात कर्मचारियों की कार्यशैली और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रभारी एडी एसआईसी ने माना कि स्टाफ को सख्त हिदायत दी गई है और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

डिप्टी सीएम बोले- लापरवाही बर्दाश्त नहीं

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने स्वास्थ्य महानिदेशक को निर्देश दिए हैं कि मामले की विस्तृत जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने साफ कहा कि मरीजों की सेवा में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शासन स्तर पर कार्रवाई की जरूरत होने पर एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगी गई है।

निरीक्षण के डर से चमकाया गया इमरजेंसी वार्ड

मामला तूल पकड़ने के बाद रविवार को जिला अस्पताल की इमरजेंसी में अचानक सफाई अभियान शुरू हो गया। वार्ड के पंखों पर जमी धूल साफ कराई गई, परिसर की सफाई हुई और व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की कवायद शुरू हो गई। माना जा रहा है कि अधिकारियों के औचक निरीक्षण की आशंका के चलते यह कवायद तेज हुई। हालांकि, प्रभारी एडी एसआईसी का कहना है कि अगले सप्ताह प्रस्तावित निरीक्षण से पहले व्यवस्थाओं को बेहतर किया जा रहा है।