6 नवंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

बरेली के 13 गांव हुए कुपोषण से मुक्त

जिलाधिकारी आर विक्रम सिंह की अध्यक्षता में पोषण मिशन की बैठक संपन्न हुई।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

बरेली

•

image

suchita mishra

•

Updated: 28 Feb 2018, 4:51 PM IST

DM

DM

बरेली। जिलाधिकारी आर विक्रम सिंह की अध्यक्षता में पोषण मिशन की बैठक सम्पन्न हुई, जिसमें कुपोषण के खात्मे के लिए चर्चा की गई । अफसरों के प्रयास से जिले में 13 गांव कुपोषण से मुक्त हो गए हैं।

ये गांव हुए कुपोषण से मुक्त
जिले में 13 गांव में कुपोषण पर विजय पा ली गई है जिसमें क्यूडी बुजुर्ग, कुंआ डांडा, मठिया नगला, लौगपुर, भगौतीपुर, सराऊ, फिरोजपुर, चुनारवदिया, हरवंशपुर, सिलीजागीर, रुड़की और रतनपुर गांव हैं। इनके अतिरिक्त 27 गांव कुपोषण मुक्ति के करीब हैं। इनमें मात्र एक या दो कुपोषित बच्चे अवशेष हैं जो 1-2 माह में पोषित हो जाएंगे और गांव कुपोषण मुक्ति की श्रेणी में आ जाएंगे।

जिलाधिकारी ने कुपोषण मुक्त हो चुके 13 गांवों के पर्यवेक्षण हेतु एक जिला स्तरीय अधिकारी एवं वल्र्ड विजन इंडिया संस्था के प्रतिनिधि की समिति गठित की है जो निरीक्षण कर रिपोर्ट देगी।

ढिलाई पर लगाई फटकार
ब्लॉक फतेहगंज पश्चिमी, भदपुरा, दमखोदा व रामनगर में पोषण मिशन की धीमी गति पर जिलाधिकारी ने असंतोष व्यक्त किया । उन्होने पूरे जनपद में हर गांव में ग्राम स्वास्थ्य दिवस के रूप में एक दिन आयोजन का निर्देश दिया। यह दिन वीएचएनडी दिवस पर करें। इस दिन गोद लेने वाले अधिकारी जाये, एएनएम, आंगनवाडी, प्रधान, पंचायत सेक्रेटरी, रोजगार सेवक आदि ग्रामीण कर्मचारी उपस्थित हों । समस्त बच्चों की जांच, वजन, कुपोषित बच्चों के परिवार की काउन्सलिंग, एमआरसी में भर्ती योग्य को भर्ती कराने आदि कार्रवाई हो । मुख्य फोकस हो कि गांव का कोई बच्चा कुपोषित नहीं रहे।

लिए गए सुझाव
जनवरी 2018 में चार हजार बच्चों के कुपोषण में सुधार हुआ है। वर्तमान में 21404 बच्चे लाल श्रेणी के कुपोषित हैं । जिलाधिकारी ने अधिकारियों से ग्रामीण भ्रमण के फीडबैक भी पूछे व तेजी से कुपोषण मुक्त के सुझाव भी लिए ।

Must Read - दोस्त से मिलने गईं दो नाबालिग बहनों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, रेलवे ट्रैक पर मिले शव