10 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

बरेली से होकर गुजरेगा गोरखपुर–शामली ग्रीन फील्ड लिंक एक्सप्रेस-वे, भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू

जिले में सड़क नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। दो नेशनल हाईवे होने के बावजूद अब तक एक्सप्रेस-वे से वंचित बरेली को अब गोरखपुर–शामली ग्रीन फील्ड लिंक एक्सप्रेस-वे की सौगात मिलने जा रही है। यह एक्सप्रेस-वे पूर्वी उत्तर प्रदेश को सीधे पश्चिमी उत्तर प्रदेश से जोड़ेगा।

2 min read
Google source verification

बरेली। जिले में सड़क नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। दो नेशनल हाईवे होने के बावजूद अब तक एक्सप्रेस-वे से वंचित बरेली को अब गोरखपुर–शामली ग्रीन फील्ड लिंक एक्सप्रेस-वे की सौगात मिलने जा रही है। यह एक्सप्रेस-वे पूर्वी उत्तर प्रदेश को सीधे पश्चिमी उत्तर प्रदेश से जोड़ेगा।

करीब 700 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेस-वे बरेली मंडल के तीन जिलों से होकर गुजरेगा। बरेली जिले में इसका मार्ग फरीदपुर, नवाबगंज और बहेड़ी तहसील क्षेत्रों के कई गांवों से निकलेगा। इससे जिले में आवागमन आसान होने के साथ-साथ विकास की रफ्तार भी तेज होगी।

भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू

एक्सप्रेस-वे के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बरेली, शाहजहांपुर और पीलीभीत में एडीएम को काला (कंपिटेंट अथॉरिटी फॉर लैंड एक्विजिशन) बनाया गया है, जबकि लखीमपुर खीरी में यह जिम्मेदारी एसडीएम को सौंपी गई है। एनएचएआई ने चारों जिलों में प्रारंभिक सर्वे कराने के बाद काला के चयन के लिए जिला प्रशासन को सूची भेजी थी। इसके बाद संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है, जिससे आगे की प्रक्रिया को गति मिल सके।

पूर्व से पश्चिम तक बनेगा सीधा रास्ता

यह एक्सप्रेस-वे गोरखपुर से शुरू होकर बस्ती, अयोध्या, लखनऊ, सीतापुर और लखीमपुर होते हुए पीलीभीत के बीसलपुर और शाहजहांपुर के पुवायां से गुजरकर बरेली पहुंचेगा। यहां से यह रामपुर, मुरादाबाद, सहारनपुर और मेरठ होते हुए शामली तक जाएगा। चयनित भूमि को पहले थ्री-ए घोषित किया जाएगा, जिसके बाद एक साल तक जमीन की खरीद-बिक्री पर रोक रहेगी। यदि इस अवधि में थ्री-डी घोषित नहीं हुआ तो यह प्रक्रिया निष्प्रभावी हो जाएगी। थ्री-डी घोषित होने के बाद भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई पूरी तरह शुरू हो सकेगी।

अगले वित्तीय वर्ष में निर्माण का लक्ष्य

एनएचएआई अधिकारियों के अनुसार अगले वित्तीय वर्ष में एक्सप्रेस-वे का निर्माण कार्य शुरू कराने का लक्ष्य रखा गया है। परियोजना को तीन साल में पूरा करने की योजना है। एक्सप्रेस-वे के बनने से बरेली समेत आसपास के जिलों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी। इससे व्यापार, उद्योग और आवागमन को बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्र के विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।


बड़ी खबरें

View All

बरेली

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग