
बरेली। बरेली के एमबी इंटर कॉलेज की निलंबित शिक्षिका वंदना वर्मा को फर्जी दस्तावेजों के जरिए करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में प्रेमनगर थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वंदना पर दो अलग-अलग पैन कार्ड और नकली दस्तावेज के सहारे तीन करोड़ रुपये से अधिक का लोन लेने और फर्जी नियुक्ति पत्र देकर बेरोजगारों से लाखों की ठगी करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपी शिक्षिका को अदालत में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
जांच में सामने आया कि वंदना वर्मा ने बैंकों से फर्जीवाड़ा कर करोड़ों रुपये लिए और इस रकम से डीडीपुरम इलाके में एक शानदार बंगला बनवाया, लग्जरी गाड़ियां खरीदीं और विदेशी दौरों का आनंद लिया। उसने नौकरी दिलाने का झांसा देकर कई बेरोजगारों से मोटी रकम ऐंठी। पीड़ित लोग लंबे समय से शिकायत कर रहे थे, लेकिन मामला ज्यादा गहराने पर प्रशासन हरकत में आया।
वंदना के इस बड़े घोटाले का खुलासा बदायूं निवासी अमित कुमार ने किया, जो उसका पड़ोसी है। अमित ने एक साल पहले ही इस धोखाधड़ी की शिकायतें करनी शुरू कर दी थीं। पहले तो विद्यालय प्रशासन ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया, लेकिन जब शिकायतें डीएम और डीआईओएस के पास पहुंचीं, तब जांच शुरू हुई।
इस जांच में राजकीय हाईस्कूल की प्रधानाचार्य कुसुमलता ने पुष्टि की कि वंदना धोखाधड़ी और वित्तीय गड़बड़ियों में लिप्त थी। इसके बाद उसे कॉलेज प्रशासन ने निलंबित कर दिया।
जांच में यह भी सामने आया कि वंदना वर्मा ने शिक्षा विभाग से अनुमति लिए बिना कई बार विदेश यात्राएं की थीं, जिससे उसकी संदिग्ध गतिविधियों पर और भी सवाल खड़े हो गए।
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Published on:
05 Mar 2025 09:33 pm
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