
देश में मुसलमानों की असुरक्षा को लेकर एआइएमआइएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने हाल ही में एक बयान दिया था। जिसपर बरेली के मौलाना शाहबुद्दीन ने कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर की है। मौलाना ने ओवैसी के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि वह केवल दिल्ली और हैदराबाद में रहते हैं। इसलिए बाहरी दुनिया की उन्हें कोई खोजखबर नहीं है। जबकि मुसलमानों के लिए भारत सबसे सुरक्षित देश है।
मुसलमानों के लिए भारत सबसे सुरक्षित देश
तंजीम उल उलेमा इस्लाम के मौलाना शाहबुद्दीन ने आगे कहा कि ओवैसी को ईराक, पाकिस्तान, अफगानिस्तान या फिर बांग्लादेश जाकर देखना चाहिए। ये ऐसी जगह हैं, जहां मुसलमान सुबह के समय घर से बाहर निकलने में भी डरता है। उसे यह डर रहता है कि वह शाम को सही सलामत वापस लौट कर आ भी पाएगा या नहीं। जबकि भारत में ऐसा कुछ भी नहीं है। यहां पर मुसलमान सबसे ज्यादा सुरक्षित है।
मस्जिद टूटने मामले में ओवैसी की खामोशी पर उठाई उंगली
शाहबुद्दीन ने कहा कि ओवैसी का बयान गुमराह करने वाला है। इससे सभी को सतर्क रहने की जरूरत है। इससे पहले मौलाना शाहबुद्दीन ने हैदराबाद के शमशाबाद में मस्जिद शहीद होने के बावजूद ओवैसी का कोई बयान नहीं आने पर कड़ी निंदा जताई थी। उन्होंने कहा था कि ओवैसी उत्तर प्रदेश के मामलों में तो बहुत रुचि रखते हैं लेकिन उनके शहर में मस्जिद टूटने पर उनकी खामोशी को देश के मुसलमान जानना चाहते हैं।
मुसलमानों को लेकर ये कहा था ओवैसी ने
गौरतलब है कि हाल ही में ओवैसी ने हैदराबाद में मुसलमानों को लेकर एक बयान दिया था। जिसमें उन्होंने कहा था कि मुसलमानों ने देश की आजादी के लिए अपना खून दिया लेकिन अब वही असुरक्षित हैं। ओवैसी ने कहा था कि उन्हें उम्मीद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 अगस्त को लाल किले से अपने संबोधन के दौरान अशफाकउल्लाह जैसे मुस्लिम स्वतंत्रता सेनानियों के नाम लेंगे।
Published on:
14 Aug 2022 02:12 pm
बड़ी खबरें
View Allबरेली
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
