
सिणधरी रोड: 100फीट चौड़ी सड़क पर 70फीट अतिक्रमण...आओ नाप लो बाड़मेर. सिणधरी रोड पर अतिक्रमण हटाने में प्रशासनिक अमला नाकामयाब रहा है। कलक्टर अरुण कुमार पुरोहित खुद यहां आकर गए तब पास खड़े एसडीएम ने दावा किया था कि अतिक्रमी हट जाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अतिक्रमण भी इतना कि राहगीरों को चलने को जगह नहीं। पत्रिका ने इस रोड के अतिक्रमण को नापा तो दूध का दूध और पानी का पानी सामने था। 50-50 फीट की इस टोल रोड पर 35-35 फीट तक अतिक्रमी काबिज है। अतिक्रमियों ने ठेले लगा लिए है। दबंग बस वाले मर्जी से बसें खड़ी करके चले जाते है। फिर जिसको मौका मिला वो खड़ा हो गया। नाला एक बंद पड़ा है, दूसरे नाले पर आकर बैठ गए है। आगे नाला साफ करने के नाम पर हुई सफाई का भी यह आलम है कि हाईवे सड़क पर गंदगी का ढेर लगाकर चले गए है। जहां वाहनों का चलना भी दूभर। डेढ़ महीने पहले हुई बारिश के बाद एक तरफ सड़क पर पानी पसरा था,वहां अब गंदगी है। प्रशासन ने यहां तीन-चार दिन अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की थी, उस पर भी अब सवालिया नि शान है कि यह कार्यवाही जनता के लिए थी या कोई और कारण ? फीता उन्होंने पकड़ा जो राहगीर थे और बोले- सड़क बची ही कहां है?

सिणधरी रोड: 100फीट चौड़ी सड़क पर 70फीट अतिक्रमण...आओ नाप लो बाड़मेर. सिणधरी रोड पर अतिक्रमण हटाने में प्रशासनिक अमला नाकामयाब रहा है। कलक्टर अरुण कुमार पुरोहित खुद यहां आकर गए तब पास खड़े एसडीएम ने दावा किया था कि अतिक्रमी हट जाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अतिक्रमण भी इतना कि राहगीरों को चलने को जगह नहीं। पत्रिका ने इस रोड के अतिक्रमण को नापा तो दूध का दूध और पानी का पानी सामने था। 50-50 फीट की इस टोल रोड पर 35-35 फीट तक अतिक्रमी काबिज है। अतिक्रमियों ने ठेले लगा लिए है। दबंग बस वाले मर्जी से बसें खड़ी करके चले जाते है। फिर जिसको मौका मिला वो खड़ा हो गया। नाला एक बंद पड़ा है, दूसरे नाले पर आकर बैठ गए है। आगे नाला साफ करने के नाम पर हुई सफाई का भी यह आलम है कि हाईवे सड़क पर गंदगी का ढेर लगाकर चले गए है। जहां वाहनों का चलना भी दूभर। डेढ़ महीने पहले हुई बारिश के बाद एक तरफ सड़क पर पानी पसरा था,वहां अब गंदगी है। प्रशासन ने यहां तीन-चार दिन अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की थी, उस पर भी अब सवालिया नि शान है कि यह कार्यवाही जनता के लिए थी या कोई और कारण ? फीता उन्होंने पकड़ा जो राहगीर थे और बोले- सड़क बची ही कहां है?

सिणधरी रोड: 100फीट चौड़ी सड़क पर 70फीट अतिक्रमण...आओ नाप लो बाड़मेर. सिणधरी रोड पर अतिक्रमण हटाने में प्रशासनिक अमला नाकामयाब रहा है। कलक्टर अरुण कुमार पुरोहित खुद यहां आकर गए तब पास खड़े एसडीएम ने दावा किया था कि अतिक्रमी हट जाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अतिक्रमण भी इतना कि राहगीरों को चलने को जगह नहीं। पत्रिका ने इस रोड के अतिक्रमण को नापा तो दूध का दूध और पानी का पानी सामने था। 50-50 फीट की इस टोल रोड पर 35-35 फीट तक अतिक्रमी काबिज है। अतिक्रमियों ने ठेले लगा लिए है। दबंग बस वाले मर्जी से बसें खड़ी करके चले जाते है। फिर जिसको मौका मिला वो खड़ा हो गया। नाला एक बंद पड़ा है, दूसरे नाले पर आकर बैठ गए है। आगे नाला साफ करने के नाम पर हुई सफाई का भी यह आलम है कि हाईवे सड़क पर गंदगी का ढेर लगाकर चले गए है। जहां वाहनों का चलना भी दूभर। डेढ़ महीने पहले हुई बारिश के बाद एक तरफ सड़क पर पानी पसरा था,वहां अब गंदगी है। प्रशासन ने यहां तीन-चार दिन अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की थी, उस पर भी अब सवालिया नि शान है कि यह कार्यवाही जनता के लिए थी या कोई और कारण ? फीता उन्होंने पकड़ा जो राहगीर थे और बोले- सड़क बची ही कहां है?