चिकित्सा विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहां मरीज परेशान हो रहे हैं और पीएचसी पर डॉक्टर समेत अन्य स्वास्थ्य कर्मी मौज काट रहे हैं। गजब तो यह रहा कि जिस दिन टीकाकरण था, उस दिन भी कर्मचारी गैरहाजिर मिले।
बालोतरा जिले के खंड चिकित्सा क्षेत्र सिणधरी में चिकित्सा विभाग की लापरवाही उजागर हो रही है। गुरुवार को महीने के पहले दिन टीकाकरण जैसे नियमित कार्यक्रम होने के बावजूद न तो पीएचसी जूना मीठा खेड़ा पर चिकित्सा अधिकारी मौजूद थे और न ही तीन उप स्वास्थ्य केंद्र खुले मिले।
बता दें कि पत्रिका टीम ने सुबह नौ बजे से केंद्रों के निरीक्षण कर हालात देखे। ऐसे में उप स्वास्थ्य केंद्र गालानाडी में एएनएम और सीएसओ दोनों मौजूद नहीं थे। वहीं, अरणीयाली मेहचान उप स्वास्थ्य केंद्र बंद मिला। ग्रामीण लालाराम ने बताया कि पिछले कई महीने से यहां पर कोई भी कर्मचारी या एएनएम नहीं आ रहे हैं, जिसके चलते उप स्वास्थ्य केंद्र में कंटीली झाड़ियों की भरमार पड़ी है।
इतना ही नहीं जूना मीठा खेड़ा पीएचसी पर भी प्रभारी चिकित्सक गैरहाजिर मिले, यहां कार्यरत नर्सिंग ऑफिसर मरीज का उपचार करते दिखाई दिया। वहीं, बांडानाडा उप स्वास्थ्य केंद्र पर ताला लटका मिला। जबकि महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता अन्य आंगनबाड़ी केंद्र पर टीकाकरण में लगी हुई थी। बांडानाडा उप स्वास्थ्य केंद्र पर सीएचओ अनुपस्थित मिला।
ब्लॉक लेवल अधिकारियों की गंभीर मॉनिटरिंग नहीं होने से ग्राम स्तर के कर्मचारी मनमर्जी से कार्य संपादन कर रहे हैं। जूना मीठा खेड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी के अधीन पांच से छह उप स्वास्थ्य केंद्र आते हैं। ऐसे में महीने के प्रथम गुरुवार को प्रभारी अधिकारी के पीएचसी पर मौजूद नहीं होने से महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता सहित अन्य कर्मचारियों से उपस्थित रहने की कैसे उमीद की जा सकती है।
मैंने गुरुवार को पीएचसी केंद्रों का निरीक्षण किया है। पीएचसी प्रभारी सहित अनुपस्थित कर्मचारियों को नोटिस जारी कर सत कार्रवाई की जाएगी।
-अर्जुन बिश्नोई, मुय ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी, सिणधरी