Luni River: Barmer: रिपोर्ट रामलाल चौधरी. समदड़ी. बाड़मेर जिले में बिपरजॉय तूफान व मूसलाधार बरसात के बाद लूनी और सुकड़ी नदी में पानी की आवक होने से किसानों को खुशी हुई ,मगर कुछ दिनों में लूनी नदी में प्रदूषित काले पानी की आवक से करीब 40 गांवों के हजारों लोगों व पशुओं की सेहत पर खतरा मंडरा रहा है। वहीं बहुत सारे खेतों में फसलें प्रभावित होने की आशंका है। इस कारण आम आदमी, पशुपालक और किसान चिंतित हो गए हैं। एक नदी में काला तो दूसरी में अभी भी साफ बरसाती पानी का बहाव हो रहा है। लूनी नदी इस बार भी प्रदूषित हो गई है। अब प्रदूषित पानी समदड़ी से होकर बालोतरा की तरफ आगे बढ़ चुका है ।
जानकारी के अनुसार इन दिनों पाली जिले से काले प्रदूषित पानी का लूनी नदी में बहाव चल रहा है। दूसरी तरफ सुकड़ी नदी में बरसाती साफ पानी का बहाव चल रहा है। लूनी नदी किनारे बसे किसान ङ्क्षचतित हैं। इस प्रदूषित पानी से उनके कृषि कुओं का पानी खराब हो रहा है। इधर सुकड़ी नदी किनारे बसे किसान खुश हैं कि इस बार रबी की फसलें अ‘छी होंगी।
सुकड़ी नदी में कई वर्षों बाद बरसाती पानी की भरपूर आवक हुई है। इससे नदी किनारे कृषि कुओं के पानी में वृद्धि होगी। इसका यहां के किसानों को लाभ मिलेगा।
– रूपाराम पटेल, किसान
लूनी नदी में प्रदूषित पानी की आवक होने से पूरी नदी में पानी काला हो गया है। कृषि कुओं का पानी प्रदूषित होने से यहां की फसल प्रभावित होगी। किसानों को नुकसान हो रहा है। –कानाराम चौधरी, किसान