
surya grahan सूर्य ग्रहण आज, यह सावधानियां आपके लिए जरूरी
कोटपूतली. इस साल का आखिरी वािलयाकार सूर्य ग्रहण गुरुवार को सुबह 8.15 बजे से 11 बजे तक रहेगा। ज्योतिषीय गणना के मुताबिक धनु राशि में षष्ठ ग्रही योग 118 साल से बन रहा है। वर्ष 2019 के दिसंबर में बनने वाले चतुर्थ, पंच और षष्ठ ग्रही योग कई वर्षों के बाद बन रहे है। 28 दिसंबर को चंद्रमा मकर राशि में प्रवेश करेंगे तब धनु राशि में पंच ग्रही योग 12 जनवरी 2020 तक रहेगा। जब भी दो या दो से अधिक ग्रह एक ही राशि में आते है तो देश और देशवासियों के लिए अप्रत्याशित घटनाएं बढ़ती है। सूर्य ग्रहण एक खगोलीय घटना है जब चन्द्रमा, पृथ्वी और सूर्य के मध्य से होकर गुजरता है तथा पृथ्वी से देखने पर सूर्य पूर्ण अथवा आंशिक रूप से चन्द्रमा द्वारा आच्छादित होता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सूर्य ग्रहण सभी राशियों पर अलग अलग तरह का प्रभाव डालता है। इस सूर्य ग्रहण का सभी राशि के लोगों पर प्रभाव पड़ेगा। ग्रहण मूल नक्षत्र एवं धनु राशि मंडल पर मान्य है। इस नक्षत्र राशि वालों को ग्रहण दर्शन नहीं करना चाहिए अपितु अपने इष्ट देव की आराधना गुरु मंत्र जप एवं धार्मिक ग्रंथ का पठन मनन करना चाहिए।
कंगन के समान चमकता दिखाई देगा सूर्य
सूर्य ग्रहण का मध्यावधि ग्रास 09.31 तक ग्रहण समाप्ति 10.57 पर होगी। वलयाकार सूर्य ग्रहण में जब चन्द्रमा पृथ्वी के काफी दूर रहते हुए पृथ्वी और सूर्य के बीच में आ जाता है तो सूर्य के बाहर का क्षेत्र आग के समान प्रकाशित होने के कारण कंगन या अंगूठी वलय के रूप में चमकता दिखाई देता है। अंगूठी और कंगन के मध्य का आकार में बने सूर्य ग्रहण को ही वलयाकार सूर्य ग्रहण कहते हैं। जिसे वैज्ञानिकों ने फायर रिंग का नाम दिया है। सूर्य ग्रहण के दौरान गर्भवती महिलाओं किसी भी तरह के काम को करने से बचना चाहिए। सूर्य ग्रहण के दौरान खाना बनाना और खाना दोनों को ही मना किया जाता है। इस दौरान किसी भी तरह का शुभ काम करने से बचना चाहिए। पॅ.लक्ष्मीनारायण शर्मा के अनुसार गर्भ शिशु को त्वचा संबंधी रोग हो सकते है। गर्भवती महिलाएं तुलसी का प्रयोग करे। इससे नकारात्मक शक्तियां दूर होगी।
Published on:
25 Dec 2019 11:22 pm
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