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बार-बार चेहरा धोने से ठीक नहीं हाेते मुंहासे, जानिए क्याें

त्वचा शरीर का महत्वपूर्ण हिस्सा है लेकिन इसकी देखभाल में हम सबसे ज्यादा लापरवाही बरतते हैं

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बार-बार चेहरा धोने से ठीक नहीं हाेते मुंहासे, जानिए क्याें

त्वचा शरीर का महत्वपूर्ण हिस्सा है लेकिन इसकी देखभाल में हम सबसे ज्यादा लापरवाही बरतते हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह है सही जानकारी का अभाव। सुनी-सुनाई भ्रामक बातों को सही मान लेने से त्वचा असमय बेजान होकर अपनी रंगत खोने लगती है। इससे बचने के लिए जरूरी है कि आप इन भ्रामक बातों से जुड़े सही तथ्यों के बारे में जान लें।

भ्रम - बार चेहरा धोने से मुंहासे ठीक हो जाते हैं।
तथ्य : बार-बार चेहरा धोने से मुंहासे तो ठीक नहीं होते बल्कि त्वचा से जरूरी ऑयल नष्ट हो जाता है जिससे स्किन ड्राई हो जाती है और मुंहासों को पनपने का ज्यादा मौका मिलता है। बेहतर होगा दिन में दो या तीन बार ही चेहरा धोएं।

त्वचा की चमक के लिए रोजाना ताजे फल और सब्जियां खाएं। अलग-अलग रंगों की चीजें खाने से शरीर को कई एंटी ऑक्सीडेंट्स मिलते हैं, जैसे पालक के साथ गाजर। रोजाना आठ गिलास पानी पिएं।

भ्रम - धब्बे बढ़ती उम्र की निशानी हैं।
तथ्य : स्किन पर धब्बे जिन्हें एज स्पॉट या सन स्पॉट के नाम से जाना जाता है, किसी भी उम्र में हो सकते हैं। दरअसल ये सूरज की हानिकारक अल्ट्रावॉयलेट किरणों के दुष्प्रभाव से होते हैं। इनके लिए त्वचा रोग विशेषज्ञ से इलाज कराना चाहिए।

भ्रम - स्क्रबिंग से चेहरे का ऑयल कम होता है।
तथ्य : कहा जाता है कि ऑयली स्किन वालों को हफ्ते में दो तीन बार स्क्रबिंग करनी चाहिए इससे अतिरिक्त सीबम घट जाता है लेकिन ऐसा नहीं है। जरूरत से ज्यादा स्क्रबिंग स्किन को छील देती है और पिंपल का सबब बन सकती है।

भ्रम - उम्र के साथ पिंपल खुद ही ठीक हो जाते हैं।
तथ्य : इनका उम्र से कोई लेना देना नहीं होता है और न ही एक उम्र के बाद ये अपने आप ठीक होते हैं। इनके उपचार के लिए आपको जीवनशैली में बदलाव करना चाहिए और ऐसा भोजन करना चाहिए जो गरिष्ठ न हो और शरीर से अशुद्धियों को दूर करता हो। इसके लिए जरूरी है कि आप तली-भुनी चीजों, जंकफूड और नॉनवेज से परहेज करें।

भ्रम - सर्दियों में सनस्क्रीन की जरूरत नहीं।
तथ्य : सर्दी के दिनों में हम धूप सेंकते हैं। सूरज की रोशनी में मौजूद अल्ट्रावॉयलेट किरणें त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती हैं इसलिए हर दो घंटे में सनस्क्रीन का प्रयोग करते रहें।