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सवा करोड़ खर्च करने को तैयार भामाशाह, लेकिन रोडवेज प्रशासन नहीं दिखा रहा रूचि

  रोडवेज बस स्टैंड के कायाकल्प का मामला, तीन माह पहले भेजा प्रस्ताव, मुख्यालय से नहीं मिल रही स्वीकृति

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सवा करोड़ खर्च करने को तैयार भामाशाह, लेकिन रोडवेज प्रशासन नहीं दिखा रहा रूचि

सवा करोड़ खर्च करने को तैयार भामाशाह, लेकिन रोडवेज प्रशासन नहीं दिखा रहा रूचि

ब्यावर. रोडवेज बस स्टैँड पर यात्रियों की सुविधा के लिए एक भामाशाह ने सवा करोड़ रुपए खर्च करने की सहमति दे दी लेकिन राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम मुख्यालय को तीन माह पहले प्रस्ताव भी भेज दिया गया लेकिन अब तक स्वीकृति नहीं मिल पाई है। रोडवेज प्रशासन की ओर से भेजे गए नए प्रस्ताव के मुताबिक वर्तमान बस स्टैंड भवन के जिर्णोद्धार सहित बसों के लिए नौ प्लेटफार्म, करीब सोलह दुकानें, दो मुख्य गेट का निर्माण, अलग अलग साइड पर तीन शोचालय, स्टाफ पार्र्किंग, चारदीवारी व अन्य निर्माण कार्य शामिल है। इसमें सतपुलिया की तरफ वाले मेन गेट से यात्री वाहनों की आवाजाही व मुख्य दरवाजे से बसों की आवाजाही रहेगी। इसका प्रस्ताव मुख्यालय को भिजवा दिया गया है। लेकिन अब तक स्वीकृति का इन्तजार है। गौरतलब है कि महावीर इन्टरनेशनल ब्यावर के तत्वावधान में होने वाले इस निर्माण कार्य पर करीब सवा करोड़ रुपए खर्च होंगे और इसके लिए पूर्व में ही भामाशाह परिवार पारसमल प्रवीण कुमार सुनील कुमार खेतपालिया ने अपनी सहमति दे दी है। यह था पुराना प्रस्तावआगार के मुख्य भवन के बाहर बस स्टैंड बनाना प्रस्तावित था। बस स्टैंड पर दो मुख्य द्वार, बस स्टैंड का पुन: उद्वार व नवीनीकरण के साथ बस स्टैंड के चारों तरफ दीवार निर्माण, यात्रियों की सुविधा के लिए टिनशेड, पंखे, कुर्सियां, व सीसीटीवी कैमरे भी लगाना शामिल था। नए ले आउट में आगार के मुख्य भवन के बजाय वर्तमान स्टैंड का ही कायाकल्प करने की योजना है। इसमें भी राशि सवा करोड़ खर्च होगी और इसका खर्च भामाशाह की ओर से वहन किया जाएगा।