ब्यावर. विगत 30 दिनों से केवल गर्म पानी धोवन के आधार पर मासखमण का तप करने वाली तप साधिका प्रीति राहुल ओस्तवाल का रविवार को वरघोड़ा निकाला गया। वरघोड़ा पाली बाजार स्थित शांतिनाथ जैन मंदिर से रवाना हुआ। तप साधिका ने अपने परिवारजनों के साथ जैन मंदिर में शांतिनाथ भगवान, नाकोड़ा भैरव देव, चक्रेश्वरी देवी के दर्शन किए व भक्ति भाव के साथ बघ्घी में विराजित हुई। वरघोड़ा पाली बाजार जैन मंदिर से एकता सर्कल, सुनारान चौपड़, महावीर बाजार, तेलियान चौपड़, आचार्य तुलसी मार्ग, नया बास, गिरदावर गली स्थित मूथाजी के नोहरे में पहुंचा। जहां चातुर्मास के लिए विराजित जैन दिवाकर संघ की वरिष्ठ साध्वियों के पावन दर्शन कर जैन मांगलिक श्रवण कर आशीर्वाद प्राप्त किया। तपस्विनी के वरघोड़े का मार्ग में जगह जगह विभिन्न संस्थाओं ने स्वागत किया। वरघोड़े में ब्यावर सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों एवं नगर के जैन समाज, सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के लोग शामिल हुए। इस अवसर पर राजेन्द्र ओस्तवाल, उपसभापति रिखबचंद खटोड, उतमचंद भंडारी, महेन्द्र बोहरा, संजय नाहर सहित समाज के लोग बडी संख्या में शामिल हुए। वरघोड़ा कार्यक्रम में ब्यावर सहित अन्य शहरों से भी श्रावक-श्राविकाएं शामिल हुए।चौबीसी गीतों में गूंजे तप जप के जयकारे,किया बहुमान
मासखमण तप साधिका प्रीति के सम्मान में विनोद नगर रोड़ स्थित गोविन्दम में तप के सम्मान में चौबीसी गीतों का आयोजन किया गया। इस मौके पर नगर सहित विभिन्न क्षेत्रों से आए संघ प्रमुखों व महिला मंडल ने प्रीति का शॉल व चुंदड़ी ओढ़ाकर बहुमान किया। चौबीसी गीतों से क्षेत्र गुंजायमान हो गया। केसरिया केसरिया एवं तपस्वी धन्य हो धन्य हो से तप की अनुमोदना की गई।