युवा मतदाता विधानसभा चुनाव में मतदान के लिए तैयार हैं। कॉलेज में पढ़ रहे युवाओं की जन प्रतिनिधियों से कई अपेक्षाएं हैं। वह शिक्षा के आधारभूत ढांचे को बेहतर करवाना चाहते है। शिक्षा से प्रतिभा में निखार आए, उच्च शिक्षा के बाद युवा पारंगत होकर अपनी रूचि के अनुरूप क्षेत्र में बेहतर कर सके, ऐसा आधार तैयार किए जाने की आवश्यकता समझते है। गुरुवार को सनातन धर्म राजकीय महाविद्यालय में आयोजित टॉक-शो में छात्र-छात्राओं ने बेबाकी से अपनी राय जाहिर की। उन्होंने ब्यावर में उच्च शिक्षा के लिए आने वाले विद्यार्थियों के लिए आवागमन के साधन नहीं होने की पीड़ा बताई, तो सालों तक संचालित रहे छात्रावास के बंद होने से युवाओं की सुविधाओं पर अनदेखी के सवाल भी उठाएं। व्यावसायिक पाठयक्रम शुरू करने की वकालात की तो बीएड कॉलेज, एसटीसी, इंजीनियरिंग कॉलेज, कृषि संकाय खोलने की आवश्यकता बताई।
यह बोला यूथउच्च शिक्षा को लेकर महाविद्यालयों में वातावरण बने। विद्यार्थियों को रूचि के अनुरूप विषय को चुनने के पर्याप्त विकल्प मिलें। उन विकल्प का चयन कर लक्ष्य तक पहुंचने के लिए पर्याप्त सुविधा व संसाधन उपलब्ध करवाए जाएं। इससे युवा देश के विकास में बेहतरीन भागीदारी निभाएंगे।
-उमा, विद्यार्थीब्यावर बडा शहर है। अब जिला भी बन चुका है। यहां पर बीएड कॉलेज नहीं है। ऐसे में बीएड करने वालों को शहर से बाहर जाना पडता है। लडकियों को ब्यावर से बाहर जाने में परेशानी होती है। यहां पर बीएड, एसटीसी सहित अन्य पाठयक्रम की सुविधाएं मिलनी चाहिए।
-कोमल चौहान,विद्यार्थीबालिका उच्च शिक्षा को लेकर सुविधाएं बढाई जानी चाहिए। इंजीनियरिंग कॉलेज खुलनी चाहिए। बालिका शिक्षा को बढावा देने को लेकर जो सुविधाएं होनी चाहिए, वो अब तक उपलब्ध नहीं करवाई जा सकी है। दूरदराज से पढने आने वाली बालिकाओं को शिक्षा से जुडी सुविधा उपलब्ध होनी चाहिए ताकि वे अपनी प्रतिभा के अनुरूप अपने कॅरियर का निर्माण कर सके।
-सरोज, प्रथम वर्ष, सनातन धर्म राजकीय महाविद्यालयक्षेत्र में कृषि संकाय नहीं है। कृषि संकाय खोला जाना चाहिए। ताकि कला, विज्ञान व वाणिज्य संकाय के साथ ही कृषि के क्षेत्र में भविष्य तलाशने वाले युवाओं को भी बेहतर अवसर मिल सके।
निकिता रावत, विद्यार्थीशिक्षा को लेकर जितना बेहतर होना चाहिए था, उतना बेहतर नहीं हो सका। क्षेत्र का सनातन धर्म राजकीय महाविद्यालय सबसे बडा महाविद्यालय है, लेकिन सुविधाओं का अभाव है। महाविद्यालय में नए विषय खोले जाने चाहिए। छात्रावास भी बंद पड़ा है। इस छात्रावास को वापस शुरू किया जाना चाहिए।
-युवराजसिंह, विद्यार्थी, बीए अंतिम वर्षलैब अत्याधुनिक बने ताकि विद्यार्थी बेहतर जानकारी प्राप्त कर सके। एमएससी के बाद पीएचडी व प्रतिस्पर्द्धा परीक्षा को लेकर जानकारी मिले । ताकि एमएससी करने के बाद विद्यार्थी के पास लक्ष्य तय हो, उस लक्ष्य को पूरा करने के लिए वह निरन्तर तैयारी कर सके।
-नरेन्द्र, एमएससी, विद्यार्थीखिलाडि़यों के लिए खेल मैदान सहित अन्य सुविधाएं विकसित की जानी चाहिए। अग्निवीर की तैयारी करने वालों को बेहतर सुविधा मिल सके, इसको लेकर प्रयास होने चाहिए। शिक्षा के साथ ही खेलकूद में भी विद्यार्थी अपनी प्रतिभा को निखार सके। उसके लिए पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध करवाई जानी चाहिए।
-मनोजसिंह, विद्यार्थी, बीए अंतिम वर्षकॉलेज में पढाई करने के लिए आस-पास के गांवों से बडी संख्या में युवा आते है। अधिकांश गांवों से आवागमन के कोई साधन नहीं है। विद्यार्थी निजी वाहन या ऑटो में आते है। उनका समय भी नियत नहीं होता है। ऐसे में निर्धारित समय पर कॉलेज पहुंचने में देरी हो जाती है। ब्यावर शहर की आस-पास के गांवों के रूट बनाकर परिवहन सुविधा को बेहतर किया जाना चाहिए।
-राहुल पलासिया, विद्यार्थी, बीए