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छत्तीसगढ़ के इस गांव की ऐसी क्या खासियत है कि मेहमान परिंदे सैकड़ों मील की दूरी से आते हैं, आप भी जानिए

छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले के नवागढ़ ब्लॉक के ग्राम कंदई की ऐसी क्या खासियत है कि सैकड़ों मील की उड़ान भर प्रवासी पक्षी यहां आते हैं।
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बेमेतरा

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Satya Narayan Shukla

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Updated: 17 Jun 2018, 7:56 PM IST

Bemetara Palika

छत्तीसगढ़ के इस गांव की ऐसी क्या खासियत है कि मेहमान परिंदे सैकड़ों मील की दूरी से आते हैं, आप भी जानिए

बेमेतरा/नवागढ़. छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले के नवागढ़ ब्लॉक के ग्राम कंदई की ऐसी क्या खासियत है कि सैकड़ों मील की उड़ान भर प्रवासी पक्षी यहां आते हैं। विगत ढाई दशक से प्रवासी पक्षी एक निश्चित समय में निर्धारित दिनों के लिए इस जिले में आकर न सिर्फ घोंसला बनाते हैं बल्कि नई संतति (पीढ़ी) के साथ वापस अपने वतन लौट जाते हैं। ग्रामीणों की मानें तो इनके आते ही गांव में सुख समृद्धि और खुशहाली आती है। इसका पहला कारण इनके आने से इस साल अच्छी बारिश की उनकी मान्यता पूरी हो जाती है। किसानों को मौसम विभाग से ज्यादा इन पक्षियों पर भरोसा और विश्वास हो जाता है कि इस बार अच्छी बारिश होगी।

पक्षियों के आते ही यह सूचना मिल जाती है कि 15 दिन में बारिश होगी

ग्राम पंचायत कटई के सरपंच कल्याण धृतलहरे, किसान पुसऊ वर्मा, रामनारायण वर्मा, बद्रीप्रसाद, दुष्यंत वर्मा एवं संतोष वर्मा ने कहा कि इन पक्षियों के आते ही हमें यह सूचना मिल जाती है कि 15 दिन में बारिश होगी। किसानी की प्रारंभिक तैयारी शुरू कर देते हैं। गत 25 साल से इन पक्षियों का गांव में आगमन हो रहा है और बेहतर उत्पादन भी मिल रहा है। गत दो साल में यह भी अनुभव मिला कि घोंसला व अंडा छोड़कर गए तो लोग दाना-दाना के लिए तरस गए।

अपने मधुर कलरव से गांव में समृद्धि का संदेश
जून से दिसंबर-जनवरी तक ग्राम कटई में घोसला बनाकर सूर्योदय से सूर्यास्त तक आसपास के गांव के नाले व हाफ नदी के तट में भरपूर आहार ग्रहण कर अपने मधुर कलरव से गांव में समृद्धि का संदेश देने वाले इन परिंदों को हाथ लगाने की मनाही है। पोखन वर्मा ने बताया कि हजारों किलोमीटर की दूरी तय कर हजारों गांव छोड़कर हमारे गांव का चयन कर परिंदों ने जिस आत्मविश्वास के साथ किया है, हम उसे बरकरार रखना चाहते हैं। सुरक्षा हमारे लिए प्राथमिकता है, इस बार पहले की अपेक्षा अधिक संख्या में आए परिंदे किसानों को बेहतर कल का संदेश दे रहे हैं।