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जिले का आरटीओ दफ्तर लावारिस

प्रभार के लिए आरटीओ कमिश्नर के आदेश का किया जा रहा इंतजार

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Satya Narayan Shukla

Jun 24, 2016

Bemetara RTO

Bemetara RTO

बेमेतरा.
वर्तमान में जिले का आरटीओ दफ्तर प्रभारी अधिकारी व स्टाफ के अभाव में लावारिस बनकर रह गया है। यहां का कामकाज ठप पड़ा हुआ है। यहां तक कि ड्राइविंग लाइसेंस बनाने का काम भी यहां नहीं हो पा रहा है। इसके लिए आवेदकों को दुर्ग जाना पड़ रहा है। ज्ञात हो कि पूर्व परिवहन अधिकारी सत्येंद्र कुमार शर्मा के रिटायर होने के बाद से अब तक विभाग का प्रभार किसी भी अधिकारी को नहीं दिया गया है। कलक्टर ने डिप्टी कलक्टर सीपी बघेल को आरटीओ की जिम्मेदारी देने की अनुशंसा की है लेकिन अब तक परिवहन विभाग के कमिश्नर के अनुमोदन के अभाव में जिम्मेदारी बघेल को नहीं मिल पाई है। इसके कारण 23 दिन से कार्यालय का कामकाज ठप है।


दुर्ग जिला पर निर्भरता बरकरार

बताना होगा कि सन् 2013 से पूर्व के सभी रिकॉर्ड परिवहन कार्यालय दुर्ग में है। साथ ही विभिन्न तरह के कार्यों के लिए आज भी दुर्ग जिला पर निर्भरता बरकरार है। वर्तमान में स्मार्ट कार्ड बनवाने व एनओसी के लिए लोगों को दुर्ग का चक्कर लगाना पड़ रहा है। ऐसे में जिला परिवहन कार्यालय केवल वाहन पंजीयन तक ही सिमट कर रह गया है।


प्रशासन चाहे तो बेमेतरा में मिल सकता है एनओसी

बताना होगा कि दस्तावेजों के अभाव में आरटीओ संबंधी कार्यों के लिए लोगों को दुर्ग जाना पड़ रहा है। लेकिन लोगों का कहना है कि यदि प्रशासन चाहे तो बेमेतरा जिले में ही यह काम हो सकता है। प्रशासन दुर्ग से बेमेतरा जिले के आरटीओ संबंधी दस्तावेजी मंगाकर यहां कामकाज शुरू कर सकती है। दस्तावेज आ जाने से लाइसेंस बनने के साथ-साथ लोगों को एनओसी के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।


चिप लाइसेंस बनवाने भटक रहे जिलेवासी

जिले के वाहन चालकों को नया चिप लाइसेंस बनवाने के लिए दुर्ग का चक्कर लगाना पड़ रहा है। बार-बार दुर्ग आने-जाने से उन्हें काफी तकलीफ हो रही है। उनका कहना है कि यदि लाइसेंस बनाने की व्यवस्था जिले में ही होती तो हमें आर्थिक व मानसिक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता। उनका कहना है कि जिले के आरटीओ दफ्तर में लाइसेंस नहीं बनने की प्रमुख वजह प्रशासन की कमजोरी है। वहीं कई लाइसेंसधारी जानकारी के अभाव में जिला परिवहन कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं। ज्ञात हो कि बिना चिप वाले लाइसेंस की वैधता केवल 30 जून तक है। इसलिए ज्यादातर वाहन चालक लाइसेंस को लेकर चिंतित हैं। बेमेतरा डिप्टी कलक्टर सीपी बघेल का कहना है कि प्रभार के लिए कार्यवाही परिवहन विभाग में पूरी नहीं हुई है। इसलिए मैं आरटीओ का कामकाज नहीं देख रहा हूं।

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