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‘आज आखिरी बार जा रहा हूं कॉलेज, फिर नहीं जाऊंगा…’ रामकेश के आखिरी शब्द याद कर बेसुध हुई मां

Bharatpur News: घर से कॉलेज जाने के लिए निकलते समय रामकेश की मां ने उसे घर में जरूरी काम का हवाला देकर कॉलेज जाने से रोकने का प्रयास किया। लेकिन नियति को तो कुछ और ही मंजूर था।
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भरतपुर

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kamlesh sharma

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Updated: 21 Nov 2024, 6:58 PM IST

bharatpur accident

बयाना। मथुरा जिलान्तर्गत मगोर्रा स्थित कॉलेज जाते समय मंगलवार को चार दोस्तों की बस से कुचलकर मौत के बाद बयाना क्षेत्र निवासी तीनों मृतक छात्रों के घरों पर सन्नाटा पसर हुआ है। बयाना तहसील के गांव मडपुरिया नगला निवासी रितेश, शेरगढ़ के मुकुल और बयाना कस्बे के मोहल्ला पठानपाड़ा निवासी रामकेश की प्रैक्टिकल देने जाते समय बाइक और बस की आमने सामने की भिड़न्त में मौत हो गई थी। घर से कॉलेज जाने के लिए निकलते समय रामकेश की मां ने उसे घर में जरूरी काम का हवाला देकर कॉलेज जाने से रोकने का प्रयास किया। लेकिन नियति को तो कुछ और ही मंजूर था। रामकेश आज लास्ट प्रैक्टिकल है उसके बाद फिर कॉलेज नहीं जाऊंगा, कहकर घर से निकल गया। रामकेश के मुंह से निकली यही बात सही साबित हो गई। क्योंकि रामकेश अब कभी भी कॉलेज नहीं जा पाएगा।

बुधवार सुबह पठानपाड़ा में रामकेश के घर पहुंचने पर मोहल्ले की तंग गलियों में मौत का सन्नाटा पसरा हुआ था। रामकेश के घर पहुंचने पर दूर से ही महिलाओं की चीख पुकार एवं विलाप की आवाज सुनाई दे रही थी। रामकेश के घर के आस-पास के घरों में भी मंगलवार शाम से बुधवार तक चूल्हा ही नहीं जला है। गमगीन माहौल में तीये की रस्म की गई, जिसमें रिश्तेदारों के आने का तांता लगा हुआ है। चारों मृतक छात्र बीएससी एग्रीकल्चर सेकंड वर्ष के स्टूडेंट थे।

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मां को अस्पताल में कराया भर्ती

अपने बेटे की दर्दनाक मौत के गम में रामकेश की मां बार बार बेसुध हो रही है। उसकी आंखों के आंसू सूखने का नाम नहीं ले रहे हैं। बुधवार सुबह परिजनों ने उसे बयाना सीएचसी में भर्ती कराया है। रामकेश के दूर के रिश्तेदार शेरगढ़ निवासी रमेश कटारिया ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से रामकेश के कॉलेज में प्रैक्टिकल चल रहे थे। इसीलिए वह अपने दो दोस्तों के साथ तीन दिन से रोजाना पैसेन्जर ट्रेन से कॉलेज जा रहा था। तीनों दोस्त बयाना से ट्रेन में बैठकर मथुरा के पास के रेलवे स्टेशन जाजनपट्टी पर उतर कर वहां से सड़क मार्ग द्वारा मगोर्रा स्थित कॉलेज में जाया करते थे।

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चल रही थी शादी की चर्चा

तीये की रस्म के दौरान आए रिश्तेदारों ने बताया कि चार बहनों का इकलौता भाई था रामकेश। चारों बहनों की शादी हो चुकी है। पिछले दो महीने से परिवार में रामकेश की शादी की भी चर्चा चल रही थी।