9 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

एक ही परिवार से एक साथ उठी चार अर्थियां तो सबकी आंखें हुई नम, गांव में पसरा मातम

मिट्टी की ढाय गिरने से नगला उत्तू थाना फतेहपुर सीकरी के एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत से गांव में मातम पसर गया और घरों पर चूल्हे तक नहीं जले।

2 min read
Google source verification
Bharatpur-Tragic-Accident-1

फोटो पत्रिका

रूपवास/फतेहपुर सीकरी। गहनोली मोड़ थानांतर्गत एनएच 123 के पास भरतपुर रोड स्थित नगला जंगी में मिट्टी की ढाय गिरने से नगला उत्तू थाना फतेहपुर सीकरी के एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत से गांव में मातम पसर गया और घरों पर चूल्हे तक नहीं जले। रविवार दोपहर लगभग 1 बजे चारों शवों को गांव पहुंचाया तो करुण क्रंदन मच उठा। चारों की शव यात्रा एक साथ निकाली गई तथा एक ही चिता पर चारों का दाह संस्कार किया गया। मुखाग्नि बंटू ने दी।

थानाधिकारी विजयसिंह छोंकर ने बताया कि जंगी का नगला के पास गड्ढे में से मिट्टी लेते समय पार पर रखी मिट्टी भरभराकर उनके ऊपर गिर गई। चीख पुकार सुनकर आसपास के गांव नगला जंगी, उत्तू, दाउदपुर, दौलतगढ़, घेहरी, गहनोली के सैकड़ों लोग पुलिस को सूचना देते हुए मौके पर पहुंच गए और अपने स्तर से फाबड़े, परात, गेती के जरिए मिट्टी को हटाने लग गए।

यह भी पढ़ें : भरतपुर : मिट्‌टी की ढाय गिरने से लोग दबे, UP के 4 लोगों की मौत, 7 को बाहर निकाला

स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस व प्रशासन की ओर से बचाव कार्य शुरू किया और सभी को बाहर निकालकर 108 एबुलेंस, एचएच के गश्तीदल की गाड़ी सहित निजी व सरकारी वाहनों से भरतपुर भेजा। उल्लेखनीय है कि हादसे में नगला उत्तू निवासी अनुकूल पुत्र ब्रजेन्द्र सिंह (21), योगेश कुमारी पत्नी अमित कुमार (32), विमला देवी पत्नी श्रीपत सिंह (45) व विनोद कुमारी पत्नी मुंशी लाल (50) जाति जाट की मौत हो गई थी।

19 जून से बंद था काम

पीएचईडी की एईएन अनिता मीणा ने बताया कि चंबल पेयजल पाइप लाइन का काम 19 जून से बंद पड़ा था। 19 जून को जंगी नगला (भरतपुर) गांव में काम शुरू किया गया था। इसके बाद नजदीकी गांव दौलतगढ़ के गांव वालों ने पाइप लाइन डालने का विरोध शुरू कर दिया। वे मुआवजे की बात पर अड़े हुए थे। ऐसे में काम रोक दिया गया था।