कामां कस्बे में स्टेडियम में रविवार को हुए कुश्ती दंगल के फाइनल मुकाबले में हरकेश सिंह तोमार पहलवान हाथरस से कोई भी पहलवान मुकाबला करने का तैयार नहीं हुआ।
भरतपुर. कामां कस्बे में स्टेडियम में रविवार को हुए कुश्ती दंगल के फाइनल मुकाबले में हरकेश सिंह तोमार पहलवान हाथरस से कोई भी पहलवान मुकाबला करने का तैयार नहीं हुआ। जिस पर मेला कमेटी ने पारतोषित के रूप में अखाड़े पहलवान घोषित करते हुए उन्हें साफा व 25 हजार रुपए की राशि देकर सम्मानित किया। हरकेश पहलवान उत्तर भारत का छोटा खली के नाम से भी प्रसिद्ध है। उनके नाम भारत केसरी का खिताब है। दंगल सुबह 11 बजे से लेकर शाम पांच बजे तक करीब सौ से अधिक पहलवानों की कुश्तियां हुईं। इसमें बाल पहलवान से लेकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पहलवानों ने अपने दाव पेच दिखाए। दंगल में भामाशाहों की ओर से पहलवानों को पारतोषित देकर सम्मानित किया। दंगल में 501 से लेकर 11 हजार रुपए तक की सौ से अधिक कुश्तियां कराई गईं।
गौरतलब रहे कि कामां में सितम्बर में हुए भोजनथाली परिक्रमा मेले के दौरान कुश्ती दंगल होना था लेकिन पुलिस व प्रशासन ने कानून व्यवस्था की स्थिति का हवाला देते हुए कुश्ती-दंगल कराने की स्वीकृति प्रदान नहीं की थी। जिस पर सामाजिक कार्यकर्ता विजय मिश्रा ने राजस्थान उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर की। जिस पर हाईकोर्ट ने जिला प्रशासन को कुश्ती-दंगल कराने के आदेश दिए थे। दंगल का ध्वाजारोहण अलग-अलग समुदाय के बच्चों ने किया। दंगल में ओमवीर पहलवान बनाम काला खेड़ी के बीच 71 सौ रुपए की कुश्ती का मुकाबला हुआ। जिसमें ओमवीर पहलवान विजयी रहे। 71 सौ रुपए की कुश्ती में सोनू रोहतक भीष्म पहलवान पलवल को हरा विजयी रहा। वहीं, 11 हजार की कुश्ती में गुरदीप पहलवान ने गोपालगढ़ सोनीपत के कृष्ण पहलवान को पराजित किया। हरकेश पहलवान लोहागढ़ केसरी, बृज केसरी,जसवंत केसरी में विजेता रहा है। इससे पूर्व कामां के कुश्ती दगल में वर्ष 2010 में गुर्ज की कुश्ती जीत चुका है। आमजन के सहयोग से कराए गए कुश्ती दंगल में हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता पूनम चंद भण्डारी, मदन मोहन सिंघल, जवाहर सिंह बेढ़म, रवीन्द्र जैन, बृजकिशोर लोधा,बृजेन्द्र सिंह लोधा, आरिफ खान सरपंच, हमीद खान,जमशेद खान,अमित लूथरा, निक्कू गोयल, साकिर अली, प्रदीप गोयल,निहाल मीणा, सुरेन्द्र सिंह चौहान आदि मौजूद थे। दंगल को लेकर यहां सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त थे। मैदान पर ड्रोन से नजर रखी जा रही थी।