
अब शिक्षकों के उपार्जित अवकाश की पीईईओ को दी जिम्मेदारी
भरतपुर. उपखंड मजिस्ट्रेट इन्सीडैंट कमांडर ने गुरुवार को सरकारी स्कूलों के शिक्षकों के उपार्जित अवकाश को लेकर पीईईओ को जिम्मेदारी दी है। राजस्थान पत्रिका ने 27 अप्रेल के अंक में 'मास्साहबÓ की ड्यूटी पर उपार्जित अवकाश का संकट शीर्षक से समाचार प्रकाशित कर शिक्षकों की पीड़ा को अधिकारियों के सामने रखा था। यह आदेश जिले के सभी ब्लॉकों के लिए प्रभावी रहेगा। हालांकि संबंधित ब्लॉक के एसडीएम की ओर से वहां के ब्लॉक मुख्य शिक्षा अधिकारी व पीईईओ को निर्देशित किया जाएगा। भरतपुर एसडीएम की ओर से जारी आदेश में कहा है कि कोविड-19 की रोकथाम के लिए एवं कोविड वैक्सीनेशन के लिए आमजन को प्रोत्साहित करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। आदेश के अनुसार पूर्व में मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना के प्रभारी क्रियान्वयन के लिए गठित ग्राम पंचायत स्तरीय कोर ग्रुप, इसमें संबंधित सरपंच संयोजक और संबंधित पीईईओ सह संयोजक थे। कार्य के ग्राम पंचायत स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ग्राम पंचायत स्तरीय कोर ग्रुप के सह संयोजक के रूप में समस्त पीईईओ जिम्मेदार हैं। पीईईओ को आवश्यकता के अनुसार अपने परिक्षेत्र के स्टाफ को बुलाकर उक्त कोरोना संबंधी कार्य कराने के लिए अधिकृत किया जाता है। समितियों में नियुक्त किए गए अध्यापकों को राजस्थान सेवा नियमों के तहत ग्रीष्मावकाश अवधि में कार्य करने के एवज में नियमानुसार उपार्जित अवकाश का लाभ देय होगा।
पिछले साल की पीएल को लेकर अब नहीं निर्देश
कोविड-19 के तहत उन्हीं कार्मिकों को ग्रीष्म अवकाश के एवज में 92 बी नियम के तहत उपार्जित अवकाश मिलेगा, जिन कार्मिकों के अवकाश कलक्टर या संबंधित उपखंड मजिस्ट्रेट से सत्यापित है। गत वर्ष काफी संख्या में शिक्षकों की कोविड-19 में ड्यूटी लगाई गई थी, लेकिन उन्हें नियमानुसार मिलने वाली पीएल नहीं दी गई। इससे शिक्षकों और पीईईओ में गतिरोध है। अभी तक पिछले साल की पीएल को लेकर कोई स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है।
-इस साल की पीएल को लेकर आदेश निकाले गए हैं। बहुत सारे शिक्षक ऐसे भी हैं, जिनकी पिछले साल भी ड्यूटी लगाई गई थी, लेकिन अभी तक पीएल का मामला अटका हुआ है।
पवन शर्मा, प्रदेश संयुक्त मंत्री, राजस्थान शिक्षक संघ शेखावत
Published on:
30 Apr 2021 03:19 pm
बड़ी खबरें
View Allभरतपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
