7 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

डेंगू पर राजनीति: 44 लोगों की मौत के बाद भाजपा नेता का निगम में प्रदर्शन, महापौर से मांगा इस्तीफा

सोमवार को भाजपा युवा मोर्चा और बोल बम समिति के कार्यकर्ताओं ने दया सिंह के नेतृत्व में डेंगू से हुई मौत के लिए निगम प्रशासन को जिम्मेदार ठहराते हुए विरोध प्रदर्शन किया।

2 min read
Google source verification
Bhilai patrika

डेंगू के डंक पर राजनीति: भाजपा नेता से महापौर से मांगा इस्तीफा

भिलाई. शहर में डेंगू से लगभग 44 लोगों की मौत के बाद राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस के बाद अब राज्य में सत्ताधारी पार्टी भाजपा के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को निगम मुख्यालय के सामने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इसके पहले तक निगम में विपक्षी पार्षद भाजपा की ओर से सफाई व्यवस्था को लेकर धरना प्रदर्शन किया जा चुका है।

भाजपा युवा मोर्चा और बोल बम समिति के कार्यकर्ता
सोमवार को भाजपा युवा मोर्चा और बोल बम समिति के कार्यकर्ताओं ने दया सिंह के नेतृत्व में डेंगू से हुई मौत के लिए निगम प्रशासन को जिम्मेदार ठहराते हुए विरोध प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता दर्जनों चार पहिया वाहनों में रैली की शक्ल में पहुंचे थे। कार्यकर्ताओं ने निगम प्रशासन, और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। शहर में डेंगू फैलने के लिए महापौर देवेन्द्र यादव को जिम्मेदार बताते हुए उनसे इस्तीफा मांगा।

दरवाजे पर ही लिया ज्ञापन
सैकड़ों की संख्या में पहुंचे कार्यकर्ताओं को निगम मुख्यालय के भीतर जाने नहीं दिया। उन्हें पुलिस बल ने गेट पर ही रोक दिया गया। गेट पर रोके जाने के बाद भी वे भीतर जाने की जिद पर अड़े रहे। बाद में गेट पर ही ज्ञापन सौंपकर लौट गए।

सुपेला चौक में फंसी एंबुलेंस
वाहनों के काफिले के साथ विरोध प्रदर्शन की रैली से फोरलेन पर परेशानियों का सामना करना पड़ा। रैली के सुपेला घड़ी चौक पहुंचते ही जाम लग गया। आम नागरिकों के साथ-साथ भारी वाहन चालकों को चौक पार करने में दिक्कतें हुई। इसी भीड़ में एक एंबुलेंस भी फंसी रही है। ट्रैफिक जावनों एवं नागरिकों की मदद से उसे भीड़ से सुरक्षित निकालकर गंतव्य की ओर जाने दिया गया।

कांग्रेस ने इस प्रदर्शन को बताया नौटंकी
कांग्रेस ने डेंगू से 44 लोगों की मौत होने पर निगम का घेराव करने को नौटंकी बताया। जिला कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता मनीष जग्यासी ने कहा कि जब बच्चों की लगातार मौत हो रही थी तब आंदोलन करना याद नहीं आया। हॉस्पिटल में नेताओं के दौरे चल रहे थे तब भी याद नहीं आया। उन्होंने कहा डेंगू मामले में कांग्रेस पार्टी ने हर संभव प्रयास किया, आंदोलन भी किए जिसका प्रतिफल है कि हॉस्पिटल में डेंगू से पीडि़त मरीजों का इलाज मुफ्त हो रहा है उन्होंने सवाल उठाया है कि जब डेंगू के मरीज हॉस्पिटल में लगभग आना बंद हो गए ऐसे में निगम का घेराव करना नौटंकी नहीं तो क्या है? भाजपा के नेता चुनाव की तिथि को नजदीक देखकर टिकट और दावेदारी के लिए शक्ति प्रदर्शन कर रहे हैं। डेंगू के नाम राजनीति को उन्होंने निंदनीय कृत्य बताया है।