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आपके घर साफ पानी नहीं आ रहा है तो करें फोन, लंबे इंतजार के बाद BSP प्रबंधन ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

कंट्रोल रूम में बी एवं सी शिफ्ट में कार्मिक ड्यूटी पर रहेंगे। उन्हें फोन नं- 07882855719, 2857162 एवं 2857110 पर संपर्क कर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकते हैं।

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भिलाई

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Dakshi Sahu

Jul 08, 2021

आपके घर साफ पानी नहीं आ रहा है तो करें फोन, लंबे इंतजार के बाद BSP प्रबंधन ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

आपके घर साफ पानी नहीं आ रहा है तो करें फोन, लंबे इंतजार के बाद BSP प्रबंधन ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

भिलाई. भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन (Bhilai Steel Plant) टाउनशिप के लोगों को साफ पानी पिलाने मरौदा टैंक और जलशोधन संयंत्र में भी कई स्तर पर बायोलॉजिकल केमिकल ट्रीटमेंट कर रहा है। एलम भी उच्च क्वालिटी ग्रेड-4 का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके साथ ही जिन क्षेत्रों में अभी भी गंदे पानी की आपूर्ति की शिकायत है उनके लिए एक हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है। इस कंट्रोल रूम में बी एवं सी शिफ्ट में कार्मिक ड्यूटी पर रहेंगे। उन्हें फोन नं- 07882855719, 2857162 एवं 2857110 पर संपर्क कर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकते हैं।

हो रही थी मटमैले पानी की आपूर्ति
भिलाई इस्पात संयंत्र विगत छ: दशकों से भी अधिक समय से संयंत्र व भिलाई टाउनशिप में पीने का शुद्ध पानी प्रदान कर रहा है। हमेशा बीएसपी के पानी के शुद्धता की मिसाल दी जाती रही है। परन्तु अप्रैल से जून के दौरान मटमैला पानी आपूर्ति होने लगी। हालांकि अब काफी हद तक स्थिति सुधर गई है। टाउनशिप में दूषित पानी की यह समस्या अप्रैल 2021 से पहले नहीं थी परन्तु ऐसा क्या हुआ की पानी का रंग बदल गया? संयंत्र प्रबंधन ने आमजनों के सामने इसकी सच्चाई रखी है।

तांदुला डैम से ही छोड़ा गया था गंदा, रंगीन और सड़ा हुआ पानी
छग. शासन के जल संसाधन विभाग द्वारा बीएसपी के लिए तांदुला डैम से छोड़ा गया पानी बेहद गंदा, रंगीन और सड़ा हुआ था। मटमैला रंग तांदुला जलाशय से दिए गए रॉ-वाटर के कारण ही है। सम्पूर्ण रॉ-वाटर गंदा होने के कारण मरोदा जलाशय का पानी गंदा हो गया था। अब गंगरेल बांध से पानी दिया जा रहा है। हालांकि संयंत्र प्रबंधन ने जितना डिमांड किया था, उसके मुताबिक अभी भी पानी नहीं मिल रहा है।

गंदे पानी की गुणवत्ता सुधारने अब भी एक करोड़ खर्च
गंदे पानी की गुणवत्ता सुधारने के लिए प्रबंधन अभी भी प्रतिमाह एक करोड़ रुपए केमिकल खरीदने में खर्च कर रहा है। पहले इसकी जिम्मेदारी मेसर्स नाल्को वाटर इंडिया लिमिटेड को दी थी। अब स्थानीय विशेषज्ञों की टीम काम कर रही है। टाउनशिप में की जा रही पेयजल आपूर्ति की बीएसपी लैब में प्रत्येक पाली में जांच की जाती है। मानक के अंदर होने पर ही जलापूर्ति सुनिश्चित की जाती है।

घरों तक पहुंचा यह पानी, मानक बताते हैं कि पानी तो साफ है
कंटेंट- यूनिट- मात्रा- वास्तविक
टर्बिडिटी- जेटीयू- 5.0- 1.8
पीएच- जेटीयू- 7.5 से 8.5- 7.5
एल्काइलिनिटी- पीपीएम- 250- 56
हार्डनेस- पीपीएम- 300-54
कैल्शियम- पीपीएम-75-34
मैग्रीशियम- पीपीएम- 50-20
क्लोराइड- पीपीएम- 200-20
सल्फेट- पीपीएम- 200- बीडीएल
फ्लोराइड- पीपीएम- 1.0- 0
कॉपर- पीपीएम- 1.0-0
जिंक- पीपीएम-5.0-0
आयरन- पीपीएम-0.3- बीडीएल
टोटल सॉलिड- पीपीएम- 500-96
एमपीएन- पीपीएम- निरंक