27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Live In Relation में रह रहे दो प्रेमियों की कहानी का खौफनाक अंजाम , जानें किस वजह से प्रेमी ने बेहरहमी से कर दी प्रेमिका की हत्या

Chhattisgarh Crime News : जामुल थाना अंतर्गत किराए के मकान में लिव इन रिलेशन पर रहने वाली महिला की उसके ही साथी ने रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी।

2 min read
Google source verification
लिव इन रिलेशन में रह रहे दो प्रेमियों की कहानी का  खौफनाक अंजाम , जानें किस वजह से प्रेमी ने  बेहरहमी से कर दी प्रेमिका की हत्या

लिव इन रिलेशन में रह रहे दो प्रेमियों की कहानी का खौफनाक अंजाम , जानें किस वजह से प्रेमी ने बेहरहमी से कर दी प्रेमिका की हत्या

भिलाई . जामुल थाना अंतर्गत किराए के मकान में लिव इन रिलेशन पर रहने वाली महिला की उसके ही साथी ने रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी। पुलिस के मुताबिक आरोपी दुर्गा प्रसाद मार्कंडे उसे पत्नी बनाकर रखा था। चरित्र शंका पर रस्सी से गला घोटकर हत्या कर दी। पुलिस मर्ग कायम कर मामले को जांच में लिया है।

यह भी पढ़ें : इस वजह से परेशान हो रहे मजदुर, नहीं मिल रहा राशन, महंगी कीमत पर चावल खरीदने पर हुए मजबूर

जामुल टीआई याकूब मेनन ने बताया यह घटना 22 व 23 अगस्त की रात करीब 2 बजे की है। रायपुर से आकर महिला वेदवती (45 वर्ष) शिवपुरी यादव रोलिंग मिल में काम करती थी। उसी मिल में आरोपी दुुर्गा मार्कंडे (45 वर्ष) गार्ड था। दोनों की पहचान थी। उसे पत्नी बनाकर रखा था।

यह भी पढ़ें : अब ध्यान से चलाएं सड़क पर गाड़ी, रफ़्तार पर रखें काबू , वरना होगी बड़ी कार्रवाई

दोनों शादीशुदा हैं। रात में शराब पीकर वेदवती से विवाद करने लगा। उसके चरित्र पर लांछन लगाने लगा। इससे विवाद बढ़ गया। आवेश में आकर दुर्गा मारकंडेय ने नायलॉन की रस्सी से उसका गला घोट दिया।

इसके बाद सिटकनी बंदकर भाग गया। पुलिस ने बताया कि पड़ोसियों ने 23 अगस्त को शाम 4.30 बजे डायल 112 को सूचना दी कि वेदवती के घर में पंखा चल रहा है, लेकिन उसके गले में रस्सी लगी है। पेट्रोलिंग टीम तत्काल मौके पर पहुंची। आरोप दुर्गा मार्कंडे को गिरफ्तार कर लिया।

तीन साल से एक दूसरे से परिचित थे

पुलिस ने बताया कि वेदवती शादीशुदा है। उसका एक बेटा और बेटी है, जो रायपुर में रहते है। वह अपने पति से अलग हो गई थी। तीन साल पहले दुर्गा मार्कंडे से उसकी पहचान हुई। इसके बाद दुर्गा ने उसे शादी का झांसा देकर शिवपुरी बुला लिया। जहां वह गार्ड की नौकरी करता था। उसी कंपनी में उसे रोजी मजदूरी का काम दिलाया।

कातुल बोर्ड में दुर्गा अपनी पहली पत्नी को छोड़कर वेदवती के साथ रहने लगा।