
अच्छी बारिश के लिए आदिवासियों ने कराई भीमादेव की अनोखी शादी, मान्यता ऐसी होगी देव कृपा, नहीं पड़ेगा अकाल,इस साल आसान नहीं है कॉलेज में एडमिशन की डगर, ओपन बुक पैटर्न में बोर्ड एग्जाम से कट ऑफ होगा 97 फीसदी से पार
भिलाई . स्कूल की दहलीज पार कर कॉलेज में कदम रखने वाले विद्यार्थियों के लिए मिशन एडमिशन आसान नहीं होगा। कोरोना काल के मद्देनजर सीजी बोर्ड ने जिस तरह विद्यार्थियों को नंबर बांटे हैं, इससे दुर्ग जिले के टॉप कांॅलेजों की मेरिट सूची इतिहास बनाएगी। शिक्षाविदें का कहना है कि भिलाई दुर्ग के कुछ कॉलेजों में प्रथम मेरिट लिस्ट का कटऑफ इस साल 98 फीसदी से शुरू होकर 95 फीसदी पर बंद हो जाएगा। अभी तक अधिकतम 85 फीसदी का रिकॉर्ड रहा है, जबकि इस साल कटऑफ में सीधे 14 फीसदी की छलांग लगेगी। बता दें कि ट्विनसिटी के 2958 विद्यार्थी ऐसे हैं, जिनको 95 फीसदी अंक से अधिक मिले हैं, जबकि चुनिंदा ब्रांच बीकॉम कंप्यूटर और बीएससी कि सीटों की संख्या सीमित है। एक्सपट्र्स का कहना है कि गल्र्स कॉलेज व साइंस कॉलेज में एडमिशन की जबरदस्त मारामारी देखने को मिलेगी।
कब आएगी पहली मेरिट सूची
साइंस और गल्र्स कॉलेज सहित चुनिंदा कॉलेज 23 अगस्त को पहली मेरिट सूची का प्रकाशन कर देंगे। एडमिशन बंद होने के तीन दिनों के भीतर सूची प्रकाशित करने की व्यवस्था की जा रही है। बीएससी और बीकॉम जैसे विषयों में एडमिशन लगभग पहली ही सूची में पक्के होने की संभावनाए हैं। इसके बाद दूसरी और तीसरी सूची में अन्य विषय शामिल होंगे। वहीं केटेगरी वाले विद्यार्थियों को एडमिशन में रियायत मिलेगी।
सीबीएसई विद्यार्थियों को नुकसान
केंद्रीय शिक्षा बोर्ड ने 12वीं के नतीजे जारी करने के लिए छात्रों को ओपन बुक एग्जाम का रास्ता सुझाकर जमकर अंक बांटे, जिससे बेहतर पढऩे वाले विद्यार्थियों ने प्राप्तांक में 95 फीसदी अंकों का आंकड़ा पार कर दिया, जबकि सीबीएसई विद्यार्थियों को 10वीं, 11वीं और 12वीं के अंकों के वेटेज के आधार पर ही अंक दिए गए। इस वजह से प्रतिशत के मामले में सीबीएसई के विद्यार्थी सीेजी बोर्ड से पिछड़ गए। सीबीएसई ने दुर्ग जिले के 506 विद्यार्थियों को ही 95 फीसदी से अधिक अंक दिए जबकि सीजी बोर्ड में जिले का यह आंकड़ा 1895 के करीब है। इससे सीधे तौर पर सीबीएसई के विद्यार्थी एडमिशन की पहली सूची में मशक्कत करते नजर आएंगे।
अभी तक 80 हजार आवेदन पार
हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की 37266 सीटों पर अभी तक 80 हजार से अधिक आवेदन आ चुके हैं। यह आंकड़ा अभी और बढ़ेगा। यानी एक सीट पाने करीब 20 उम्मीदवार कतार में खड़े नजर आएंगे। बता दें कि हेमचंद यादव विश्वविद्यालय में प्रथम वर्ष के आवेदन 20 अगस्त तक भरे जा रहे हैं, जिसमें दुर्ग संभाग से बालोद, बेमेतरा, कवर्धा, दुर्ग और राजनांदगांव के विद्यार्थी आवेदन कर रहे हैं। सबसे ज्यादा आवेदन दुर्ग शहर के कॉलेजों के लिए हैं। वहीं सर्वाधिक सीटें साइंस कॉलेज के पास है, जबकि दूसरे नंबर पर दुर्ग गल्र्स कॉलेज का नाम है।
तकनीक की ओर बढ़ेंगे 30 फीसदी
एक्सपट्र्स का कहना है जिले में सीजी और सीबीएसई के 30 फीसदी विद्यार्थी तकनीकी शिक्षा की दिशा में आगे बढ़ेंगे। जिन विद्यार्थियों ने सामान्य डिग्री कॉलेज से बीएससी का मन बनाया है, उन्होंने पीईटी जैसी परीक्षाओं के आवेदन भी किए हैं। सभी विद्यार्थी बेहतर कॉलेज का चुनाव करने आवेदन कर रहा है, लेकिन मनपसंद कॉलेज नहीं मिलने पर इनमें से कुछ क्षेत्र बदल देंगे तो कुछ बाहरी शहरों और राज्यों का रुख करेंगे। डॉ. अनिल कश्यप, परीक्षा नियंत्रक, साइंस कॉलेज ने बताया कि चुनिंदा विषयों के लिए कटऑफ प्रथम मेरिट सूची में 98 फीसदी से शुरू होकर 95 पर बंद हो सकता है। कुछ विषयों में एडमिशन के लिए मारमारी रहेगी। अगस्त 23 को प्रथम सूची का प्रकाशन करेंगे। सीजी बोर्ड ने 12वीं में 97-98 फीसदी तक अंक दिए हैं। इससे कटऑफ बढ़ेगा।
- फैक्ट फाइल -
- बीते साल का कटऑप - 82-86 %
- सीबीएसई 95त्न से अधिक वाले छात्र - 506
- सीजी बोर्ड के 95त्न से अधिक वाले छात्र - 1895
- 141 कॉलेजों में प्रथम वर्ष की कुल सीटें - 37266
- हेमचंद विवि में अभी जमा फार्म - 80 हजार के पार
Published on:
18 Aug 2021 05:30 pm
बड़ी खबरें
View Allभिलाई
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
