
पैरेंट्स छूट देने से पहले जरूर समझाएं बेटियों की अहमियत
भिलाई. महिला सुरक्षा और कानून की जानकारी के साथ युवाओं को साइबर क्राइम से सावधान करने संतोष रूंगटा कॉलेज (आर-1) में जिला अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रज्ञा मेश्राम, महिला थाना प्रभारी योगिता खापर्डे, कॉलेज समूह के निदेशक डॉ. सौरभ रूंगटा, डायरेक्टर प्रबंधन सोनल रूंगटा व डायरेक्टर संतोष रूंगटा के बीच महिलाओं की सुरक्षा पर चर्चा हुई। निदेशक डॉ. सौरभ ने कहा कि वर्तमान माहौल को देखते हुए बालिकाओं में कॉन्फीडेंस की कमी नहीं होनी चाहिए, तभी वे विपदाओं से लड़ पाएंगी। बदमाशों से विरोध की हिम्मत हो। इसके लिए उन्हें मोटिवेट किया जाए। इसके लिए हम चाहते हैं कि संस्थान की छात्राओं को आत्मरक्षा का गुर सिखाया जाए, जिससे हर माहौल में वे सावधानी के साथ ढल सकें और आगे बढ़ सकें।
बिगड़ते माहौल को संभाल सकते हैं पालक
इस पर हामी भरते हुए एएसपी मेश्राम ने कहा कि वर्तमान समय में लड़कियों को हर माहौल में रहने के साथ काम या शिक्षा के लिए समय-बेसमय दूर-दराज से आना-जाना होता है। ऐसे में आत्मरक्षा के लिए उन्हें स्वयं को तैयार रहना होगा। अनेक घटनाओं में देखा गया है कि इसमें पालक भी जिम्मेदार होते हैं, जो अपने बच्चों को सुविधा तो मुहैया कराते हैं पर संस्कार डालने की ओर ध्यान नहीं दे पाते। कपड़े पर कमेंट के साथ शुरू हुई बात विपरीत स्थिति पैदा कर देती है।
अपराधों से बचाता था अनुशासित जीवन
इस दौरान डायरेक्टर संतोष रूंगटा ने वर्तमान में बेटियों के साथ हो रही घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने शिक्षा के साथ बेटों में भी संस्कार पर जोर दिया। दो दशक पहले संयुक्त पारिवारिक माहौल की चर्चा करते हुए एमडी ने कहा अनुशासित जीवन युवाओं को अपराधों से बचाता था। बच्चे अब बड़ों की ऐसी बातों की उपेक्षा करते हैं।
शैक्षणिक क्षेत्र में शराब भट्टी से बिगड़ रहा माहौल
एमडी रूंगटा ने एएसपी प्रज्ञा मेश्राम को कोहका से कुरूद के बीच स्थित शराब भ_ी के कारण क्षेत्र में बढ़ती अपराधिक गतिविधियों से अवगत कराया। जानकारी दी कि भ_ी के आसपास आधा किलोमीटर के अंदर आधा दर्जन शैक्षणिक संस्थाएं हैं, जहां विद्यार्थियों को भ_ी के सामने से गुजरते समय नशेडिय़ों से खासी परेशानी होती है। भट्टी के सामने कुछ दूरी पर मंदिरों में आने वाले श्रद्धालुओं को भी ठेस पहुंचती है। इस पर एएसपी मेश्राम ने पुलिस पेट्रोलिंग पार्टी को लगातार नजर रखने आदेश देने की बात कहीं। वहीं भ_ी को यहां से दूर ले जाने के लिए संस्थाएं कलक्टर व आबकारी विभाग को पत्र सौंपने की सलाह दी।
Published on:
18 Oct 2019 07:32 pm
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