
बरसते पानी में कतार में खड़ी रही महिलाएं

अधिकांश बहनाें की आंखे भर आई

ऐसा ही नजारा रविवार को सेंट्रल जेल परिसर में था। भाई के द्वारा की गई गलती को भुलाकर वे जेल परिसर में ही रक्षाबंधन पर्व मनाने पहुंची।

ऐसा ही नजारा रविवार को सेंट्रल जेल परिसर में था। भाई के द्वारा की गई गलती को भुलाकर वे जेल परिसर में ही रक्षाबंधन पर्व मनाने पहुंची।

ऐसा ही नजारा रविवार को सेंट्रल जेल परिसर में था। भाई के द्वारा की गई गलती को भुलाकर वे जेल परिसर में ही रक्षाबंधन पर्व मनाने पहुंची।

कई ऐसी बहने थी जो लंबे समय के बाद अपने भाई से मुलाकात की

जितनी भी युवतियां व महिलाएं भाई की कलाई सजाने पहुंची थी उनके दिल व दिमांग में एक ही बात थी भगवान उनके भाई को जल्दी घर पहुंचा दे।