30 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दुर्ग जिले में युवा किसान ने की आत्महत्या, नकली कीटनाशक से साढ़े 6 एकड़ फसल तबाह होने से था दु:खी

Farmer suicide in Durg District: कीट व्याधि से साढ़े छह एकड़ की फसल बरबाद होने से हताश ग्राम मातरोडीह में एक युवा किसान ने आत्महत्या कर ली। किसान दुर्गेश निषाद, पिता ढिलनराम निषाद 34 वर्ष ने खेत के मेड़ के एक पेड़ पर फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली।

2 min read
Google source verification

भिलाई

image

Dakshi Sahu

Oct 05, 2020

दुर्ग जिले में युवा किसान ने की आत्महत्या, नकली कीटनाशक से साढ़े 6 एकड़ फसल तबाह होने से था दु:खी

दुर्ग जिले में युवा किसान ने की आत्महत्या, नकली कीटनाशक से साढ़े 6 एकड़ फसल तबाह होने से था दु:खी

बीरेंद्र शर्मा @भिलाई. कीट व्याधि से साढ़े छह एकड़ की फसल बरबाद होने से हताश ग्राम मातरोडीह में एक युवा किसान ने आत्महत्या कर ली। किसान दुर्गेश निषाद, पिता ढिलनराम निषाद 34 वर्ष ने खेत के मेड़ के एक पेड़ पर फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। जानकारी के मुताबिक उसने कीटों के प्रकोप से फसल बचाने के लिए जीतोड़ कोशिश की। तीन बार कीटनाशक दवाई का छिड़काव भी किया, लेकिन दवा बेअसर साबित हुई। उल्टा कीटनाशक के प्रभाव से फसल झुलस गई। साढ़े छह एकड़ में तीन एकड़ खेत उसका खुद का और साढ़े तीन एकड़ को रेग में लेकर किसान खेती कर रहा था।

सुसाइडल नोट मिला
मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को नीचे उतारा और तलाशी ली। जबे में एक कागज के टुकड़े में सुसाइडल नोट मिला। जिसमें फसल तबाह होने से आत्महत्या करने की बात लिखी है। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद शव परिजनों का सौंप दिया। मचांदुर चौकी प्रभारी श्यामलाल नेताम ने बताया कि घटना शनिवार शाम की है। किसान शाम को खेत जाने के लिए निकला तो वापस घर नहीं लौटा। दूसरे दिन रविवार सुबह आठ बजे खेत की मेड़ में कौहा के पेड़ पर वह लटकते हुआ मिला। उसने नायलान की रस्सी से फंदा बनाया था।

सुसाइडल नोट में यह लिखा
आत्महत्या करने वाले युवा किसान ने सुसाइडल नोट में लिखा की मेरी फसल में बीमारी हो गई थी। मैंने तीन बार फसल में दवा का छिड़काव किया। फिर भी मेरे खेत की फसल की बीमारी खत्म नहीं हो रही है। इसलिए मैं स्वयं खुदकुशी कर रहा हूं। दुर्गेश निषाद...

फसल में बीमारी से उठाया आत्मघाती कदम
पुलिस ने बताया कि पूछताछ में यह जानकारी मिली कि मृतक ने तीन एकड़ अपनी और तीन एकड़ रेग की जमीन में खेती कर रहा था। साढ़े छह एकड़ खेत में धान की फसल लहलहा रही थी पर उसमे बीमारी फैल गई। कीट व्याधि के कारण आधी से अधिक फसल बरबाद हो गई। आमदनी तो दूर रेग में लिए खेत का भुगतान करने लायक हासिल नहीं होने वाला है। तब से वह बेहद तनाव में था। आखिरकार हताश होकर उसने आत्मघाती कदम उठा लिया। प्रभारी मचांदुर थाना चौकी श्यामलाल नेताम ने बताया कि मृतक के जेब से सुसाइडल नोट मिला है। फसल खराब होने से खुदकुशी की बात लिखी है। मर्ग कायम कर मामले में जांच की जा रही है।

आंख की रोशनी कमजोर होने से नहीं की थी शादी
मृतक दुर्गेश के दो और भाई है। जिसमें खेती का कामधाम दुर्गेश देखता था। उसने अच्छी फसल के लिए इस बार कर्ज भी लिया था। फसल बरबादी से वह काफी तनाव में था। आंख की रोशनी कम होने की वजह से उसने शादी नहीं की थी। बाकी भाई अपने गृहस्थी में अलग-अलग काम करके जीवनयापन कर रहे हैं। युवा किसान की खुदकुशी से पूरा परिवार सदमे में है। बूढ़े माता-पिता भी इस बार अच्छी फसल की आस लगाए बैठे थे लेकिन उन्हें उसकी भारी कीमत चुकानी पड़ गई।

Story Loader