मुंह में जुबान है, परंतु बोल नही सकता। कान है, परंतु सुन नहीं सकता। फिर भी अपना और मां का पेट पालन के लिए वह चाय की थड़ी लगाकर कुछ पैसे कमाने की जहदोजहद में दिन रात राजस्थान में भीलवाड़ा जिले के बीगोद कस्बे का 40 वर्षीय दिव्यांग भरत व्यास कड़ी मेहनत कर रहा है। इसके बावजूद परिवार का खर्चा चलाने के लिए पर्याप्त पैसे की कमाई नहीं हो रही है।