बिना मास्क घूमते रहते यात्री, टोकने वाला कोई नहीं
बस के इंतजार में बैठे यात्री बिना मास्क ही रहते है। मास्क लगाने को लेकर उनको टोका ही नहीं जाता। यहां तक की बुकिंग खिड़की पर बैठे कई कर्मचारी भी मास्क नहीं लगाते। जबकि कोरोना से बचाव के लिए सबसे जरूरी मास्क ही है। यात्रियों के स्टैण्ड पर प्रवेश से पहले उनकी जांच रोडवेज प्रबंधन को करनी है। लेकिन यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग से लेकर हाथ सेनेटाइज कराने के नाम पर महज खानापूर्ति की जा रही है। कहने को भीलवाड़ा बस स्टैण्ड के मुख्य द्वार पर कर्मचारी बैठते है। लेकिन वह दिनभर बातों में ही मशगूल रहते है।