जानकारी के अनुसार बनास नदी से लगातार दोहन और समाज के श्मशान घाट पर अवैध रूप से स्टॉक लगाने से आहत होकर सुबह आठ बजे कांटी निवासी लादूनाथ गांव में मोबाइल टावर पर चढ़ गया। पता चलने पर बड़ी संख्या में ग्रामीण टावर के नीचे जमा हो गए। लादू का आरोप था कि कांटी, घेवरिया व आसावरी क्षेत्र से गुजर रही बनास नदी से लगातार बजरी दोहन किया जा रहा है। इससे नदी का जलस्तर गिर रह रहा है। साथ ही नदी-नालों का स्वरूप ही बिगड़ रहा है। बनास नदी में जेसीबी और एलएनटी से दोहन किया जा रहा है। इसे रोकने को लेकर लक्ष्मण टावर पर चढ़कर प्रदर्शन करने लगा। सूचना पर थानाप्रभारी राधा अहीर पहुंची। ग्रामीण भी लादू के समर्थन में नारेबाजी करने लगे। इससे वहां कुछ देर हंगामे की स्थिति हो गई। लादू को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह टावर से नीचे नहीं उतरा। लाूद को पानी पिलाने के बहाने छोटूलाल दरोगा भी टावर पर जाकर बैठ गया। प्रदर्शनकारी श्मशान भूमि से अवैध बजरी का स्टॉक हटाने और अवैध बजरी दोहन रोकने की मांग कर रहे थे।