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गणेश चतुर्थी 19 को, भीलवाड़ा में स्वागत की तैयारियां तेज

भीलवाड़ा. शहर में 19 सितम्बर की गणेश चतुर्थी की तैयारियां तेज हो गई।

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गणेश चतुर्थी 19 को, भीलवाड़ा में स्वागत की तैयारियां तेज

गणेश चतुर्थी 19 को, भीलवाड़ा में स्वागत की तैयारियां तेज

भीलवाड़ा. शहर में 19 सितम्बर की गणेश चतुर्थी की तैयारियां तेज हो गई। गणेश प्रतिमाएं तैयार कर ली हैं। पंडाल और लाइटें लगाने का काम जारी है। इस साल गणेश चतुर्थी का उत्सव 19 सितंबर को शुरू होगा। 28 सितंबर को विसर्जन के साथ सम्पन्न होगा।

पंडितों के अनुसार, गणेश चतुर्थी भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष में आती है, जो हर साल अगस्त या सितंबर के आसपास पड़ती है। इसे गणेशोत्सव भी कहा जाता है। यह 10 दिनों का त्योहार होता है। समापन अनंत चतुर्दशी 28 को गणेश विसर्जन के साथ होता है। आकृति कला संस्थान के कलाकारों की मदद से ईको फ्रेण्डली गणेश मूर्तियों का निर्माण किया गया है।
ये बन रहा दुर्लभ योग
पंडित अशोक व्यास के अनुसार इस साल गणेश चतुर्थी पर दुर्लभ संयोग बना रही है।ब्रह्म योग, शुक्ल योग और शुभ योग लगभग 300 साल बाद मिलकर दुर्लभ योग बना रहे हैं।
ब्रह्म योग: ब्रह्म योग में ब्रह्मा, विष्णु, और महेश तीनों शक्तियां वहां पर एक साथ साक्षात मौजूद रहती हैं।
शुक्ल योग: शुक्ल योग में जितने भी जातक गणेश चतुर्थी में शामिल होते हैं, गणेश आरती पूजन करते हैं, उनके घर में शुभ ही शुभ होता है।
शुभ योग: शुभ योग यानी गणेश के भक्तों के घरों में भी शुभ लाभ की स्थापना हो जाती है। आमदनी में बरकत अधिक और हानि कम होती है। घर में जो भी रहते हैं स्वस्थ रहते हैं।